आजमगढ़। अपर सत्र न्यायाधीश संतोष कुमार की अदालत ने हरिजन, सवर्ण के मामले में आरोपी दो सगे भाइयों को बुधवार को दोषी पाते हुए चार वर्ष की कैद की सजा सुनाई। साथ ही साढ़े ग्यारह हजार का जुर्माना भी लगाया। जबकि इसी मामले के दो अन्य आरोपी गुलाब राय और इंद्रपाल राय की मुकदमें के दौरान मौत हो गई।
घटना रानी के सराय गांव के सेठवल गांव की है। सेठवल गांव में नौ फरवरी 1998 को हुई इस घटना के संबंध में नन्हकू राम ने स्थानीय थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उसने पुलिस को बताया था कि घटना के दिन गांव के गुलाब राय, इंद्रपाल, कमलेश और जय प्रकाश जान मारने की धमकी देते हुए आए और मंड़ई, नाद -खूंटा उखाड़कर पोखरी में फेंक दिए और जमीन पर जबरन कब्जा कर लिया। इस मामले में पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर मामले को न्यायालय में प्रेषित किया। मुकदमे के परीक्षण के दौरान अभियोजन पक्ष की तरफ से पैरवी कर रहे अभियोजन अधिकारी महेंद्र गुप्ता ने इस मुकदमे के वादी नन्हकू सहित कुल चार गवाहों को पेश किया और तर्कों को रखा। अदालत ने उभय पक्षों के तर्कों को सुनने के बाद कमलेश और जय प्रकाश पुत्रगण इंद्रपाल राय को दोषी पाते हुए उक्त सजा का निर्णय दिया।