आजमगढ़। कोरोना की लहर ने सहालग को भी चपेट में ले लिया है। शादी वाले घर व बैंक्वेट हाल स्वामियों की चिंता बढ़ गई है। 22 अप्रैल से जुलाई तक बड़ा सहालग है। शादी के लिए बैंक्वेट हॉल में जिन्होंने बुकिंग कराई थी, वह कैंसिल कराने लगे हैं। वहीं रात में होने वाली शादियों को दिन में तब्दील करने को लेकर पार्टियों ने बैंक्वेट हाल स्वामियों से फोन पर संपर्क करना शुरू कर दिया है।
22 अप्रैल से शादियों का सीजन शुरू हो रहा है। पिछली बार की तरह इस बार भी कोरोना ने अपना पांव पसारना शुरू कर दिया है। जिसे देखते हुए शासन की ओर से रात नौ बजे के बाद शादी विवाह के आयोजन पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया है। जिन घरों में शादी की तिथि नजदीक है उन घरों के लोगों केे दिल की धड़कन तेज हो गई है। बहुत से लोगों ने शादी के कार्ड तक वितरित कर दिया है। अब उनकी समझ में नहीं आ रहा है कि वह क्या करें। हिंदू धर्म के शादी विवाह के दौरान इतनी रस्में हैं कि उन्हें एक दो घंटे में पूरा करना संभव नहीं है। ऐसे में लोगों की समझ में नहीं आ रहा है कि वह क्या करें।
बहुत से लोग इसे देखते हुए शादी को कैंसिल कर आगे बढ़ा रहे हैं। वहीं बहुत से लोग रात की शादी को दिन में करने का मूड बनाकर लान आदि की रात को हुई बुकिंग को दिन के समय करने के लिए बुकिंग को बदलवा रहे हैं। लान संचालकों की मानें तो प्रतिदिन इसके लिए हमारे पास फोन आ रहे हैं। जो लोग बुकिंग कैंसिल करा रहे हैं उनका बयाना भी वापस करना पड़ रहा है। अगर यही हाल रहा तो हम लोग पूरी तरह से बर्बाद हो जाएंगे। क्योंकि पिछला सीजन भी कोरोना की भेंट चढ़ गया था।
बोले मैरेज हाल संचालक
बंधन प्वाइंट के अजय प्रजापति ने बताया कि हमारे मैरेज हाल में 20 अप्रैल से 30 अप्रैल तक लगातार बुकिंग हैं। अभी तक किसी ने बुकिंग तो कैंसिल नहीं की है लेकिन 29 और 27 अप्रैल को दो लोगों ने बुकिंग कराई थी। वह लोग आए और रात की बजाए दिन में शादी करने की बात कहे। वैसे अभी ज्यादातर लोग 17 अप्रैल का इंतजार कर रहे हैं क्योंकि 17 अप्रैल तक के लिए ही नाइट कर्फ्यू लगाया गया है। आगे देखिए क्या होता है।
चौधरी गेस्ट हाउस के देंवेद्र ने बताया कि हमारे मैरेज भी 20 से 30 अप्रैल तक पूरी तरह बुक था। लेकिन कोरोना के बढ़ते संक्रमण और शासन के निर्देश को देखते हुए अब लोग शादी को कैंसिल करने लगे हैं। 27 अप्रैल और 25 अप्रैल की दो बुकिंग कैंसिल हो चुकी है। लोगों का कहना है कि रात नौ बजे तक शादी करने का शासन ने समय निर्धारित किया है। बारात दूर से आएगी इसलिए शादी कार्य नौ बजे तक होना संभव नहीं है। जिसके कारण इसे आगे बढ़ाना ही ठीक है।