आजमगढ़ में बामसेफ व डीएस-4 के संस्थापक सदस्य और पूर्व राज्य सभा सांसद बलिहारी बाबू का बुधवार की सुबह कोरोना से निधन हो गया। कोरोना संक्रमित होने के कारण शहर के एक निजी अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। उनके निधन से जनपद में शोक की लहर दौड़ गई। बसपा से राजनीतिक कैरियर शुरू करने वाले स्व. बलिहारी बाबू का जीवन सपा में जाकर खत्म हुआ।
पूर्व सांसद बलिहारी बाबू ने स्व. कांशीराम के साथ मिलकर बहुजन समाज के आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। 1984 में कांशीराम ने जब बामसेफ और डीएस-4 के जरिए दलित, पिछड़े और मुस्लिम समाज को एकजुट करने के लिए पूरे उत्तर प्रदेश में साइकिल यात्रा निकाली तो उनके साथ कंधे से कंधा मिलाकर बलिहारी बाबू संस्थापक सदस्य के रूप में खड़े रहे।