आजमगढ़। ब्राह्मण सम्मेलन की तैयारियों के क्रम में अखिल भारतीय ब्राह्मण महासभा बलरामपुर स्थित कार्यालय पहुंचे सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष डा. केसी पांडेय ने आरक्षण समाप्त करने की वकालत की। कहा कि 14 फरवरी 2007 को बसपा सरकार ने 246 संस्कृत विद्यालयों की अनुदान सूची को ही निरस्त कर दिया। ऐसा कर बसपा सरकार ने ब्राह्मणों के पेट पर लात मारा है, क्योंकि ब्राह्मण समाज के शिक्षक व कर्मचारी इसमें काम कर रहे थे।
महासभा के बलरामपुर स्थित कार्यालय पर शुक्रवार को भगवान परशुराम के चित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें याद किया। साथ ही पत्रकारों से बातचीत करते हुए श्री पांडेय ने कहा कि आगामी 25 दिसंबर को आजमगढ़ में होने वाला ब्राह्मण सम्मेलन ऐतिहासिक होगा। इसी उद्देश्य से वह यहां आकर कार्यकर्ताओं को निर्देशित कर रहे हैं। आगामी 18 नवंबर को मेरठ व 19 नवंबर को सहारनपुर में ब्राह्मण सम्मेलन कराया जा रहा है। फरवरी माह में डेढ़ लाख ब्राह्मणों की रैली कराने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। कहा कि हाईकोर्ट ने आरक्षण को खत्म कर दिया तो प्रदेश सरकार ने जिले में तुरंत लागू कर दिया। उन्होंने कहा कि आरक्षण को पूरी तरह से समाप्त कर देना चाहिए। इससे योग्य और अनुभवी लोगों को लाभ मिलेगा। इसमें गरीब ब्राह्मण भी शामिल होंगे। जिस प्रकार से पिछड़ा अल्पसंख्यक आयोग, अन्य पिछड़ा वर्ग का गठन किया गया है, उसी प्रकार सवर्ण रक्षा आयोग का गठन किया जाए।