आजमगढ़। चेक बाउंस के एक मामले में सुनवाई पूरी करने के बाद अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट नंबर-10 की न्यायाधीश रश्मि चन्द ने शुक्रवार को आरोपी को दोषी ठहराते हुए दो वर्ष के साधारण कारावास तथा 1.20 करोड़ रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। अदालत ने निर्देश दिया है कि अर्थदंड की पूरी धनराशि वादी पक्ष को दी जाएगी।
अभियोजन पक्ष के अनुसार, वादी कुंवर इंद्र भूषण निवासी अमौड़ा, थाना रानी की सराय ने जमीन खरीदने के उद्देश्य से आरोपी प्रभात कुमार गौतम और उसकी मां मीरा आजाद निवासी ग्राम मुंडा, थाना सिधारी से संपर्क किया था। दोनों पक्षों के बीच जमीन का सौदा तय हुआ। इसके लिए वादी ने नकद और बैंक खाते के माध्यम से एक करोड़ 60 लाख रुपये का भुगतान किया।
इसके बावजूद जमीन की बिक्री नहीं की गई। जब वादी ने अपने रुपये वापस मांगे, तो आरोपी प्रभात कुमार गौतम ने 23 अगस्त 2016 को 60 लाख रुपये का चेक दिया, जो बैंक में प्रस्तुत करने पर अपर्याप्त धनराशि के कारण बाउंस हो गया। इसके बाद वादी ने न्यायालय की शरण ली। मामले की सुनवाई के दौरान वर्ष 2018 में वादी कुंवर इंद्र भूषण का निधन हो गया। इसके बाद उनकी पत्नी लक्ष्मी भूषण को वारिस के रूप में पैरवी की अनुमति दी गई।
दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद अदालत ने आरोपी प्रभात कुमार गौतम को दोषी करार देते हुए दो वर्ष के साधारण कारावास और 1.20 करोड़ रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। अदालत ने यह भी आदेश दिया कि अर्थदंड की पूरी राशि वादी पक्ष लक्ष्मी भूषण को प्रदान की जाए।