आजमगढ़। स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के तहत तैनात खंड प्रेरक व कंप्यूटर आपरेटरों ने मंगलवार को कुंवर सिंह उद्यान में बैठक कर आंदोलन की रणनीति तय की। छह माह से मानदेय न मिलने से इन खंड प्रेरकों के समक्ष भूखमरी की समस्या उत्पन्न हो गई है। बैठक में मानदेय भुगतान के मुद्दे के साथ ही अन्य समस्याओं पर भी विचार विमर्श किया गया।
जिला संयोजक रमेश कुमार ने कहा कि छह माह से खंड प्रेरकों व कंप्यूटर ऑपरेटरों के मानदेय का भुगतान नहीं हुआ है। जिसके इनके समक्ष भूखमरी की समस्या उत्पन्न हो गई है। सबसे बड़ी बात तो यह है कि स्वच्छ भारत मिशन के तहत तैनात किए गए खंड प्रेरकों व आपरेटरों को ब्लाक मुख्यालय पर न तो बैठने की ही सुविधा उपलब्ध है न ही कंप्यूटर और प्रिंटर ही उपलब्ध है। छह माह से वेतन बकाया होने से जमापूंजी खत्म हो चुकी है, जिसके चलते वे आर्थिक तंगी से जूझ रही है। मानदेय की मांग को लेकर ब्लाक मुख्यालय से लेकर जिला प्रशासन तक अवगत कराया जा चुका है, लेकिन कहीं कोई सुनवाई नहीं हो रही है। बैठक में जल्द मानदेय का भुगतान न होने पर आंदोलन की रणनीति भी तय की गई। इस अवसर पर अजय, शहाबुद्दीन, रितेश, सुमित, ज्ञानेंद्र, प्रेमचंद, अश्वनी, नवतेज, अरूण, बृजेश समेत काफी संख्या में खंड प्रेरक मौजूद रहे।