सरायमीर। क्षेत्र के मदरसा इस्लामिया ओलूमुल क़ुरान कुरियावां में दो दिवसीय तबलीगी इज्तेमा शुक्रवार को बाद नमाज फज्र शुरू हुआ। मुफ़्ती हबीबुर्रहमान इलाहाबादी ने कहा की अल्लाह ही खालिक और राजिक है। अल्लाह की जात से सब कुछ होता है। हमारा दिल साफ होगा तो अल्लाह की रहमत का असर हम पर पड़ेगा।
उन्होंने कहा कि बच्चों की तरबियत में असल किरदार मां का होता है।हजरत इमाम बुख़ारी और दूसरे अकाबरीन उम्मत के वाकये मशहूर हैं।हमें अपने घरों के माहौल को दीनदार बनाने की फिक्र करनी चाहिए। जमात के जो पांच काम हैं, उस पर हमें मजबूती से अमल करना होगा।गस्त, मुलाकात, तालीम, जमातों का निकलना और खुभद भी तरतीब पर अमल करते हुए प्रत्येक माह में तीन दिन जमा लगाते रहना है। मुफ़्ती नूरूद्दीन ने कहा कि अल्लाह की रस्सी को मजबूती से पकड़ कर पैगंबरों के बताए सत्य के रास्ते पर लोगों को चलना चाहिए। मौलाना कलीमुल्लाह ने कहा कि मौलाना शकील अहमद ने कहा कि सच्चा मुसलमान वही है जो ईश्वर की इबादत के साथ दुसरों की भलाई का लिए कार्य करें। इज्तेमा शनिवार को मुल्क और कौम की सलामती की दुआ मांग कर समाप्त होगा। इसमें बाग लेने के लिए जिले के अतिरिक्त मऊ, बलिया, अंबेडकर नगर, जौनपुर, गाजीपुर, वाराणसी, भदोही, चंदौली की तबलीगी जमात के लोग ट्रेनों से पहुंचे हैं। स्वागत के लिए सरायमीर रेलवे स्टेशन, नई बाजार, खरेवां मोड़ पर व्यवस्था की गई थी।