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मनबढ़ों से बचने के लिए छात्राओं ने किया पथराव

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आजमगढ़। निजामाबाद थाना क्षेत्र के फरिहां रेलवे स्टेशन के पास शनिवार की सुबह पैदल घर से स्कूल जा रही पांच छात्राओं का रास्ता मनचलों ने रोक लिया। छेड़खानी करते हुए एकांत में घसीटकर ले जाने लगे। छात्राएं शोर मचाने लगीं, साथ ही हिम्मत दिखाते हुए पत्थर से उन पर हमला किया। गांव वालों के आने की आहट मिलने पर आरोपी फरार हो गए। छात्राओं के अभिभावक फरिहां पुलिस चौकी में घटना की सूचना देने के बाद आरोपियों की तलाश में उनके गांव पहुंचे जहां सभी फरार मिले। पुलिस की निष्क्रियता से नाराज गांव के लोगों में काफी आक्रोश है।
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पीड़ित छात्राएं निजामाबाद थाना क्षेत्र के फरिहां बाजार के आसपास गांव की रहने वाली हैं। क्षेत्र के एक इंटर कालेज में कक्षा नौ, दस और 12वीं में पढ़ती हैं। शनिवार की सुबह पांच छात्राएं घर से पैदल स्कूल जा रही थीं। छात्राओं ने बताया कि फरिहां रेलवे स्टेशन से पहले वहां छह से सात लड़के खड़े थे। इनसे बचने के लिए दूसरी तरफ से जाने लगीं तो शोहदों ने दौड़ाकर पकड़ लिया। छेड़खानी करते हुए खेत की तरफ ले जाने लगी। छात्राओं ने हिम्मत दिखाई और बगल में निर्माण के लिए रखे पत्थरों को उठा लिया और मनबढ़ों पर हमला किया। चीख पुकार सुनकर आसपास के लोग उस तरफ दौड़े। भीड़ देख लड़के फरार हो गए। भयभीत छात्राएं किसी तरह से स्कूल पहुंची और अध्यापकों को सारी बात बताई। गांव के लोगों ने फरिहां पुलिस चौकी में इसकी सूचना दी। आरोपियों की पहचान के लिए आसपास के गांव में पहुंचे, लेकिन कोई सफलता नहीं मिल सकी। घटना को लेकर क्षेत्र में तनाव बना हुआ है। छात्राओं ने कालेज प्रशासन से मांग की हैं कि यदि इसी तरह से घटनाएं होती रही तो उन सभी का भी स्कूल आना बंद हो जाएगा। उधर घटना के संबंध में शिकायत के बावजूद फरिहां पुलिस चौकी या निजामाबाद थाने की पुलिस ने कोई सक्रियता नहीं दिखाई। इससे लोग काफी नाराज हैं।
शोहदे उठा ले गए छात्रा का बैग
फरिहां रेलवे स्टेशन के पास शनिवार को हुई छेड़खानी की घटना से भयभीत छात्राओं ने बताया कि शुक्रवार की शाम को स्कूल की छुट्टी होने पर एक छात्रा घर जा रही थी। रेलवे स्टेशन के पास दो लड़कों ने उसे पकड़ने के लिए दौड़ा लिया। भयभीत छात्रा अपना बस्ता फेंककर भागने लगी। बदमाश कुछ दूर तक उसे दौड़ाए, बाद में उसका बैग लेकर चले गए। शनिवार को छात्रा भय के चलते स्कूल नहीं आई। छात्राओं के मुताबिक ज्यादातर आरोपी आसपास गांव के रहने वाले दूसरे समुदाय के हैं। इसके चलते इनके खिलाफ कोई बोलने की हिम्मत नहीं कर पाता।
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छेड़खानी से तंग 40 छात्राओं ने छोड़ दी पढ़ाई
आजमगढ़। सरकार भले ही छात्राओं की सुरक्षा के लिए हर संभव मदद करने का भरोसा दे रही हो लेकिन निजामाबाद थाना क्षेत्र के फरिहां बाजार के आसपास स्थित कॉलेज में पढ़ने वाली छात्राओं की सुरक्षा भगवान भरोसे है। आलम ये है कि शोहदों के आतंक से परेशान अब तक 40 से अधिक छात्राएं पढ़ाई छोड़ घर बैठ गई हैं। मनचलों के विरुद्ध कार्रवाई के लिए इनके अभिभावक और कालेज के शिक्षकों की तरफ से कई बार एसओ, सीओ और एसपी से शिकायत की गई। मामला अधिकारियों के संज्ञान में आने पर पुलिस और मनबढ़ दोनों तरफ से धमकियां मिलने लगीं। डर के कारण लोगों ने बच्चियों की पढ़ाई छुड़वाना बेहतर समझा।
निजामाबाद थाना क्षेत्र के फरिहां बाजार के आसपास कई इंटर कॉलेज, बीटीसी, बीएड कालेज हैं। तमाम गांव की छात्राएं यहां पढ़ती हैं। घर से कालेज तक का सफर करने के दौरान कई बार छात्राओं को सुनसान रास्तों से गुजरना पड़ता है और यहीं पर वो छेड़खानी की शिकार होती हैं। फरिहां बाजार स्थित एक इंटर कालेज के प्रधानाचार्य कैलाश प्रताप यादव ने बताया कि उनके स्कूल में बीते साल करीब 917 विद्यार्थी पढ़ते थे। इनमें बालिकाओं की संख्या अधिक थी, लेकिन छेड़खानी के चलते 40 से अधिक छात्राओं ने पढ़ाई छोड़ दी। प्रधानाचार्य ने बताया कि फरिहां, चकिया, नंदपुर, मक्खनपट्टी, कोटिया जहांगीरपुर, मदारडांड़, फरसहा, सहदुल्लाहचक आदि गांव की ज्यादातर बच्चियां पढ़ती थीं लेकिन आए दिन होने वाली छेड़खानी के चलते अकेले हमारे स्कूल की 40 से अधिक छात्राओं को उनके अभिभावकों ने पढ़ाई छोड़वा दी। ऐसा ही कुछ हाल अन्य स्कूलों में पढ़ने वाली बच्चियों के साथ भी हो रहा है। शिकायत करने के बावजूद पुलिस की तरफ से मनबढ़ों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई, बल्कि शिकायतकर्ता को पुलिस और मनबढ़ दोनों की तरफ से धमकियां मिलने लगीं। यदि समय रहते समस्या का हल नहीं निकाला गया तो आने वाले दिनों में इसके गंभीर परिणाम भुगतना पड़ सकता है।
मामला हमारे संज्ञान में नहीं है, सीओ सदर के जरिए पूरे मामले की जांच करवाकर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। जो छात्राएं भय के चलते पढ़ाई छोड़ चुकी हैं, उन्हें पुन: स्कूल जाने के लिए प्रेरित किया जाएगा। पुलिस पीड़ितों के साथ है। - त्रिवेणी सिंह, एसपी
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