आजमगढ़। जिले के दोनों लोकसभा सीटों आजमगढ़ व लालगंज सुरक्षित के लिए मतदान का कार्य छठे चरण में 12 मई को ही संपन्न हो चुका है। अब 23 मई को होने वाली मतगणना का लोगों को इंतजार है। वहीं मतदान की समाप्ति के बाद अब प्रशासनिक अमला मतगणना की तैयारियों में जुट गया है। दोनों लोकसभा सीटों के मतगणना स्थलों पर तैयारियों में तेजी आ गई है और मतगणना को लेकर बनी रणनीति को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
जिले में लोकसभा की दो सीटें है। दोनों सीटों की मतगणना अलग-अलग स्थानों पर करायी जायेगी। आजमगढ़ सीट की मतगणना एफसीआई बेलईसा पर होगी। तो वहीं लालगंज सुरक्षित सीट की मतगणना के लिए एफसीआई चकवल को चयनित किया गया है। 12 मई को मतदान के बाद दोनों लोकसभा की ईवीएम मशीनों को इन्हीं दोनों मतगणना स्थलों पर बनाये गये स्ट्रांग रूमों में अलग-अलग सुरक्षित रखवा दिया गया है। ईवीएम मशीनों की सुरक्षा की जिम्मेदारी पैरा मिलिट्री फोर्स संभाल रही है। रविवार को अंतिम चरण का मतदान भी संपन्न हो गया। अब 23 मई को होने वाली मतगणना की तरफ सबकी नजर है। दोनों मतगणना स्थलों पर तैयारियों जोर-शोर से चल रही है। बैरिकेडिंग आदि के कार्य में मजदूर लगे हुए है और युद्ध स्तर पर काम कराया जा रहा है। प्रत्येक मतगणना स्थल पर विधानसभावार टेबल स्थापित किया जायेगा। प्रत्येक विधान सभा के लिए 14-14 टेबल लगेंगे। इसके साथ ही मतगणना वाले दिन मौसम विभाग द्वारा बरसात की चेतावनी जारी किये जाने के बाद प्रशासन ने दोनों ही मतगणना स्थलों पर वाटर प्रुफ टेंट लगाने का निर्देश दिया है। विधान सभावार टेबल लगाने की कवायद अभी नहीं शुरू हुई है, लेकिन बैरिकेडिंग का काम जोरों पर चल रहा है। प्रशासनिक अमला अब पूरी तरह से मतगणना की तैयारियों में जुटा हुआ है। मतगणना में 560 कार्मिक लगाये गये है, जिनके प्रशिक्षण का कार्य भी शनिवार को संपन्न हो गया। 23 मई को सुबह आठ बजे से मतगणना शुरू होगी। सबसे पहले पोस्ट बैलेट की गिनती होगी। उसके पश्चात ईवीएम से गिनती शुरू की जायेगी। प्रत्येक विस के पांच-पांच बूथों के वीवीपैट के पर्चियों की भी गिनती होनी है। ऐसे बूथों का चयन मतगणना स्थल पर लाटरी के माध्यम से होगा। वीवीपैट के पर्चियों की गिनती के चलते इस बार परिणाम घोषित होने में देर होने की संभावना भी जतायी जा रही है।