सठियांव। गांधी और शास्त्री जयंती के अवसर पर शासन की ओर से सभी सरकारी संस्थानों पर झंडारोहण करने के साथ ही विभिन्न कार्यक्रमों के आयोजन का निर्देेश दिया गया था। लेकिन सोमवार को कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय सठियांव में गांधी जयंती के अवसर पर जब कोई अध्यापक नहीं पहुंचा तो चौकीदार ने झंडारोहण किया। हालांकि वार्डेन अर्चना पांडेय ने कहा कि झंडारोहण उनके द्वारा किया गया है लेकिन वह स्वयं विद्यालय 10 बजे पहुंची थी।
गांधी जयंती को पूरा देश राष्ट्रीय पर्व के रूप में मना रहा था। शासन प्रशासन से सरकारी और गैर सरकारी संस्थाओं पर झंडारोहण के साथ ही कार्यक्रमों के आयोजन का निर्देश दिया गया था। वहीं सठियांव विकास खंड के कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में झंडारोहण करने के लिए निर्धारित समय पर कोई भी अध्यापक नहीं पहुंचा। कस्तूरबा गांधी विद्यालय के पास ही खंड शिक्षा अधिकारी क्षमाशंकर पांडेय का कार्यालय है। वे झंडारोहण के समय विद्यालय पहुंचे तो चौकीदार ने वार्डेन को फोन कर साहब के आने की सूचना दी। थोड़ी देर बाद चौकीदार ने डंडे में झंडा फंसाकर खड़ा कर दिया। थोड़ी देर रूकने के बाद खंड शिक्षा अधिकारी वहां से चले गए। इस संबंध में जब विद्यालय की वार्डेन अर्चना पांडेय से पूछा गया तो उन्होंने कहा कि चौकीदार ने नहीं बल्कि झंडा उन्होंने फहराया था।