चालू वित्तीय वर्ष में जिले की सभी 1858 ग्राम पंचायतों में 2.71 अरब रुपये से विकास कार्य कराने की कार्ययोजना तैयार की गई है। मनरेगा योजना से सभी गांवों में विकास कार्य कराए जाएंगे। काम करने वाले श्रमिकों की मजदूरी पर धनराशि खर्च की जाएगी। जिले की सभी ग्राम पंचायतों में 76 लाख मानव दिवस सृजित किए जाएंगे। गांवों में काम करने के अवसर उपलब्ध कराकर सभी श्रमिकों को गांवों में ही रोजगार मुहैया कराया जाएगा।
वित्तीय वर्ष 2022-23 में मनरेगा योजना से गांवों में ही श्रमिकों को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए मानव दिवस के साथ ही श्रम बजट निर्धारित कर दिया गया है। जिले की 1858 ग्राम पंचायतों में 76 लाख 38 हजार 627 मानव दिवस सृजित करने के लिए दो अरब 71 करोड़ 17 लाख 12 हजार 585 रुपये श्रम बजट का प्रस्ताव रखा गया है। प्रस्ताव में श्रमिकों को मजदूरी का भुगतान करने के लिए श्रम बजट साल भर में खर्च किए जाएंगे। मनरेगा योजना से सभी गांवों में नाली, खड़ंजा, चकरोड, तालाबों व पौधरोपण के लिए गड्ढों के साथ गोशालाओं, शौचालयों और आंगनबाड़ी केंद्रों आदि के निर्माण पर धनराशि खर्च की जाएगी। मनरेगा योजना के पोर्टल पर जिले के सभी 22 ब्लॉकों में कुल छह लाख 42 हजार परिवारों में से सात लाख 52 हजार श्रमिक पंजीकृत हैं। जिन्हें इस योजना का लाभ दिए जाने की योजना है।