आजमगढ़। सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर 15 लाख से ज्यादा ठगी का मामला सामने आया है। आरोप है कि युवक ने रुपये लेकर फर्जी नियुक्ति पत्र थमा दिया है। पीड़ितों की शिकायत पर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आरोपी की तलाश की जा रही है।
पीड़िता करिश्मा ने बताया कि आरोपी साहिल उपाध्याय निवासी ग्राम मनचोभा, थाना कोतवाली ने रोशिला यादव, करिश्मा यादव और उर्मिला देवी समेत कई लोगों को सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा दिया। इस दौरान उसने करीब 15 लाख रुपये की मांग की। इस पर पीड़ितों ने लगभग 12.30 लाख रुपये नकद और ऑनलाइन ट्रांजैक्शन के माध्यम से उसे दे दिए।
आरोपी लगातार पुलिस वेरिफिकेशन, दस्तावेज सत्यापन और जॉइनिंग के नाम पर अतिरिक्त पैसे वसूलता रहा। इसी तरह अशोक चौहान नामक एक अन्य व्यक्ति से भी करीब 9.50 लाख रुपये की ठगी की गई। नौकरी न मिलने पर आरोपी ने भरोसा दिलाने के लिए दो चेक दिए थे। इनमें एक 3 लाख रुपये और दूसरा 6.50 लाख रुपये का था, लेकिन दोनों चेक बैंक में लगाने पर बाउंस हो गए।
केंद्रीय लोक शिकायत जांच संस्था का चेयरमैन बन की ठगी
पीड़ितों का आरोप है कि आरोपी खुद को आरटीआई एक्टिविस्ट और केंद्रीय लोक शिकायत जांच संस्था का पूर्वांचल का चेयरमैन बताकर लोगों को प्रभावित करता था। पैसे वापस मांगने पर उसने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी भी दी। पीड़ितों ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय में शिकायत देकर कार्रवाई और ठगी की रकम की वापसी की मांग की। थाना प्रभारी आरके सिंह ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मामले की विवेचना की जा रही है। जो भी तथ्य सामने आएंगे उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी।