आजमगढ़। क्षय रोग उन्मूलन को लेकर सरकार काफी प्रयास रत है। इसके लिए अभियान चला कर क्षय रोगियों की पहचान करायी गई। अभियान के तहत जिले में 2396 संभावितों की जांच की गई। जिसमें 119 क्षय रोगी चिन्हित किये गये। जिनका उपचार स्वास्थ्य महकमें का क्षय रोग विभाग करा रहा है।
शासन के निर्देश पर क्षय रोग विभाग द्वारा पूरे प्रदेश में क्षय रोग उन्मूलन अभियान चलाया गया। 27 जून को अभियान की समाप्ति हुई। अभियान के तहत जिले में भी क्षय रोगियों की तलाश में विभाग की टीम सक्रिय रहे। कुल 2396 संभावितों की जांच करायी गई। इसके लिए प्रत्येक सभावितों की दो-दो स्लाइड बनायी गई। स्लाइडों की जांच के पश्चात 119 क्षय रोगी की पहचान हुई। इन रोगियों के पहचान के साथ ही जहां एमडीआर और एक्सडीआर जांच की कवायद अभी चल रही है तो वहीं इन मरीजों के उपचार भी विभाग द्वारा शुरू कर दिये गये है। डॉ. अख्तर हुसैन ने बताया कि दवाओं का रेगुलर सेवन कर इस बीमारी से मुक्त हुआ जा सकता है। इसके लिए सभी चिन्हित मरीजों को रेगुलर दवा उपलब्ध करायी जा रही है। जिला मुख्यालय स्थित क्षय रोग नियंत्रण केंद्र के अलावा सभी ब्लाक मुख्यालयों पर भी दवाएं उपलब्ध है। मरीज अपने ब्लाक स्थित अस्पताल पर पहुंच कर आसानी से दवा प्राप्त कर सकता है।
पोषण के लिए शासन दे रही 500 रुपये भत्ता
आजमगढ़। चिन्हित क्षय रोगियों को दवाएं जहां अस्पताल से उपलब्ध है तो वहीं पोषण के लिए शासन 500 रुपये का भत्ता दे रही है। इसके लिए अभियान के दौरान चिन्हित हुए क्षय रोगियों के रिकार्ड ऑन लाइन दर्ज किये गये है। जिसमें मरीज के आधार कार्ड, बैंक एकाउंट नंबर भी लिये गये है। पोषण भत्ता सीधे क्षय रोगी के खाते में भेजा जायेगा।