आजमगढ़। जिलाधिकारी के निर्देश पर प्रशासन ने कृष्णा कालेज को ढ़हाने की कार्रवाई तो शुरू की लेकिन उसे भी अंजाम तक नहीं पहुंचाया जा सका। वहीं ग्रीन लैंड में बने अवैध निर्माणों के खिलाफ एडीए मौन साधे हुए है। जिसे लेकर आम लोगों में प्रशासन की यह कार्यशैली चर्चा का केंद्र बनी हुई है। कोर्ट के आदेश के बाद भी कई वर्षों से ग्रीन लैंड में निर्मित कृष्णा कालेज के खिलाफ कार्रवाई ठप थी। लेकिन जिलाधिकारी के प्रयास से एडीए ने इस कालेज की बिल्डिंग को गिराने का कार्य शुरू किया। तीन दिनों तक चली इस कार्रवाई के बाद प्रशासन का जोश भी ठंडा पड़ गया और कालेज की खड़ी बिल्डिंग प्रशासन को मुंह चिढ़ाती नजर आ रही है। वहीं जिलाधिकारी ने ग्रीन लैंड एरिया में बने अन्य आवासों पर भी कार्रवाई का एडीए को निर्देश दिया था लेकिन इन अवैध आवासों के खिलाफ कार्रवाई न होने से एडीए की उदासीनता परिलक्षित हो रही है। वहंी इस बात को लेकर आम जनमानस में भी यह चर्चा तेज है कि क्या प्रशासन सिर्फ कृष्णा कालेज को ही गिराकर अपने कर्तव्यों की इतिश्री कर लेगा या आगे भी यह कार्रवाई चलेगी। अगर चलेगी तो कब यह प्रश्र सभी के जेहन में तेजी से घूम रहा है।
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कृष्णा कालेज को पूरी तरह से जमींदोज करने के लिए मौके पर दो पोकलेन भेजी गई थी लेकिन उसके चालकों ने बिल्डिंग को गिराने से अपने हाथ खड़े कर दिए। जल्द ही शेष बचे निर्माण को भी ढ़हा दिया जाएगा और अन्य अवैध निर्माणों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
बाबू सिंह, एडीए सचिव।