01- क्षीरेश्वरनाथ महादेव का मंदिर- संवाद
अयोध्या। रामनगरी में महाशिवरात्रि की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। रविवार को महाशिवरात्रि पर पांच लाख से अधिक भक्तों के उमड़ने की संभावना है। रामनगरी में भोले की प्रतिष्ठित पीठ नागेश्वरनाथ व क्षीरेश्वरनाथ में भक्तों की आस्था उमड़ती है। भीड़ का सर्वाधिक दबाव नागेश्वरनाथ मंदिर में होता है। महाशिवरात्रि के दिन नागेश्वरनाथ मंदिर सुबह 3:30 बजे से ही खोल दिया जाएगा। भीड़ नियंत्रण के लिए 14 कतारों में श्रद्धालुओं को दर्शन कराए जाएंगे। महाशिवरात्रि को लेकर मेला क्षेत्र को दो जोन और पांच सेक्टर में बांटकर तैयारियां की जा रही हैं। अर्धसैनिक बलों को भी बाहर से बुलाया गया है।
एसपी सिटी चक्रपाणि तिवारी ने बताया कि अयोध्या जिले के थानों की पुलिस व्यवस्था के साथ ही सीसीटीवी और ड्रोन से भीड़ की निगरानी भी की जाएगी। सुविधा और सुरक्षा के साथ सेवा को केंद्र में रखते हुए तैयारियां की जा रही हैं। किसी भक्त को परेशानी न हो और वह श्रद्धापूर्वक पूजन कर सके, इसके लिए विशेष प्रबंध किए जा रहे हैं। शाम को शिव बरात निकलेगी, इस पर खास ध्यान दिया जा रहा है।
महाशिवरात्रि पर अधिकांश श्रद्धालु नागेश्वरनाथ मंदिर में जलाभिषेक के लिए पहुंचेंगे। आस-पास के जिलों से भी श्रद्धालुओं के आने की संभावना है। इसको देखते हुए नागेश्वरनाथ मंदिर में श्रद्धालुओं को जत्थे में प्रवेश दिया जाएगा। एक जत्था बाहर निकलने के बाद ही अगला जत्था प्रवेश करेगा। मंदिर से निकलने वाली भीड़ को दुर्गागंज, माझा और घाट के रास्ते बाहर निकाला जाएगा ताकि अधिक भीड़ जमा न हो।
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नागेश्वर नाथ मंदिर में दिया बरात का आमंत्रण
नागेश्वरनाथ मंदिर से महाशिवरात्रि पर भव्य शिव बरात निकालने की परंपरा है। बरात की अगवानी क्षीरेश्वरनाथ मंदिर पर की जाती है। इसी क्रम में क्षीरेश्वरनाथ मंदिर की ओर से नागेश्वर नाथ के प्रधान पुजारी सभापति तिवारी को बरात का आमंत्रण दिया गया। सभापति ने बताया कि बरात महा शिवरात्रि की शाम सात बजे गाजे-बाजे, भगवान के स्वरूपों के साथ नागेश्वर नाथ मंदिर से निकलकर रामपथ होते हुए क्षीरेश्वरनाथ मंदिर पहुंचेगी। जहां बरातियों का अभिनंदन किया जाएगा।