फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ayodhya News: विधानसभा में गूंजा मेडिकल कॉलेज में निजी प्रैक्टिस का मुद्दा

विज्ञापन
विज्ञापन
अयोध्या। मेडिकल कॉलेज में चिकित्सकों की निजी प्रैक्टिस का मामला विधानसभा में भी गूंज रहा है। बीते दिनों टांडा विधायक राममूर्ति वर्मा ने विधानसभा अध्यक्ष को पत्र देकर अयोध्या समेत अन्य मेडिकल कॉलेज में निजी प्रैक्टिस की शिकायत कर जांच की मांग की है। शासन ने मामले में मेडिकल कॉलेज प्रशासन से भी आख्या मांगी है।
विज्ञापन

मेडिकल कॉलेज के मेडिसिन विभागाध्यक्ष डॉ. अरविंद कुमार का बीते दिनों नाका क्षेत्र स्थित एक निजी अस्पताल में मरीज देखते हुए वीडियो वायरल हुआ था। अमर उजाला ने इस मामले को प्रमुखता से प्रकाशित किया था, जिसके बाद उच्च अधिकारियों के साथ शासन स्तर पर भी मामले का संज्ञान लिया गया था। इसी बीच टांडा विधायक राममूर्ति वर्मा ने विधानसभा में इस मुद्दे को उठाते हुए अयोध्या मेडिकल कॉलेज का स्पष्ट रूप से उल्लेख किया है।
विधायक ने पांच अगस्त को विधानसभा अध्यक्ष को भेजे पत्र में कहा कि राजकीय और स्वशासी चिकित्सा महाविद्यालयों में कार्यरत चिकित्सकों को निजी प्रैक्टिस से दूर रखने के लिए नॉन-प्रैक्टिस अलाउंस (एनपीए) दिया जाता है। इसके बावजूद चिकित्सकों के निजी अस्पतालों और स्वास्थ्य संस्थानों में सेवाएं देने, सरकारी अस्पताल के मरीजों को निजी संस्थानों की ओर संदर्भित करने और निजी कंपनियों व संस्थानों से जुड़े होने की शिकायतें सामने आ रही हैं। उन्होंने इन मामलों की निष्पक्ष और समयबद्ध जांच कर दोषी मिलने पर कार्रवाई की मांग की है।
विज्ञापन

इनसेट
शासन ने उसी दिन मांगी कॉलेज से आख्या
विधायक के पत्र के बाद चिकित्सा शिक्षा अनुभाग-3 के उप सचिव हरीश कुमार ने पांच अगस्त को महानिदेशक चिकित्सा शिक्षा एवं प्रशिक्षण को पत्र भेजकर नियम-51 के तहत मांगी गई सूचना के संबंध में आख्या उसी दिन शासन को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। इसके बाद चिकित्सा शिक्षा एवं प्रशिक्षण निदेशालय की ओर से अयोध्या मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य को भी पत्र भेजा गया। इसमें प्रकरण की आख्या उसी दिन शाम चार बजे तक उपलब्ध कराने को कहा गया। सूत्रों के अनुसार उस दिन कॉलेज प्रशासन ने संबंधित चिकित्सक से स्पष्टीकरण मांगने का दावा किया था।
वर्जन...
शासन को उसी दिन निजी प्रैक्टिस से संबंधित जवाब भेजा गया था। काॅलेज स्तर से संबंधित मामले में कार्रवाई की जा रही थी। इसी बीच जिलाधिकारी की ओर से मामले की जांच के लिए कमेटी बनाई गई है। कमेटी के निर्देशानुसार अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन

-डॉ. दिनेश सिंह मर्तोलिया, प्राचार्य, मेडिकल कॉलेज
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें