अयोध्या। श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के उपलक्ष्य में चल रहे धार्मिक आयोजनों का समापन बृहस्पतिवार को छठ्योत्सव के साथ हुआ। अयोध्या के प्रमुख मंदिरों में भगवान श्रीकृष्ण का विशेष शृंगार कर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई। सुबह से ही मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ जुटने लगी। भजन-कीर्तन, आकर्षक झांकियों और आरती से वातावरण भक्तिमय बना रहा।
नाका हनुमानगढ़ी, बृजमोहन कुंज, हनुमत निवास और राधाबृजराज मंदिर समेत कई मंदिरों में छठ्योत्सव के अवसर पर विशेष आयोजन किए गए। श्रद्धालुओं ने भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन कर सुख-समृद्धि की कामना की और प्रसाद ग्रहण किया।
बृजमोहन कुंज में छठ्योत्सव के अवसर पर भगवान श्रीकृष्ण का आकर्षक शृंगार किया गया। विभिन्न प्रकार के भोग अर्पित किए गए। सुबह महाआरती के बाद भगवान की भव्य झांकी सजाई गई। भाजपा नेता अभिषेक मिश्र के संयोजन में आयोजित कार्यक्रम में संत-धर्माचार्यों ने पहुंचकर भगवान के दर्शन किए और श्रद्धालुओं को आशीर्वाद दिया।
संतों ने कहा कि जन्माष्टमी भगवान श्रीकृष्ण के प्राकट्य का उत्सव होने के साथ ही धर्म, भक्ति और सदाचार के संदेश को जीवन में आत्मसात करने का अवसर है। छठ्योत्सव के साथ जन्माष्टमी महोत्सव का समापन भक्तिभाव और उल्लास के बीच हुआ।
कार्यक्रम में महंत कमल नयन दास, महंत मैथिली रमण शरण, महंत वैदेही बल्लभ शरण, महंत करुणानिधान शरण, संकट मोचना सेना के अध्यक्ष महंत संजय दास, महंत रामकुमार दास, महंत हेमंत दास, नगर विधायक वेद प्रकाश गुप्ता, महापौर महंत गिरीशपति त्रिपाठी, पूर्व सांसद लल्लू सिंह समेत अन्य संत-महंत मौजूद रहे।