अयोध्या। मानसिक विकार से ग्रसित होने का हवाला देते हुए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सोहावल में तैनात बीसीपीएम ( ब्लॉक कम्यूनिटी प्रोसेसिंग मैनेजर) नेहा सिंह ने आरोप पत्र का गोलमोल जवाब दिया है। कुछ बिंदुओं पर उन्होंने क्षमा याचना की है तो कुछ पर अनभिज्ञता जताकर सिरे से खारिज किया है।
बीसीपीएम नेहा सिंह को सीएमओ ने चार अक्तूबर को आरोप पत्र दिया था। इसमें उन पर आरोप था कि तीन अक्तूबर को सीएचसी सोहावल में आशाओं के प्रदर्शन का वह नेतृत्व कर रही थीं। इसके अलावा आशा बहुओं को उकसाने, सिजेरियन प्रसव में सहयोग न करने, विभागीय कार्यों में भ्रम और विभाजन की स्थिति पैदा करने, आशा बहुओं से धनउगाही करने, विभागीय अधिकारियों को गुमराह करके मातृत्व अवकाश का सवेतन लाभ लेने, 10 साल तक राजकीय आवास का लाभ लेने के बावजूद धनराशि न जमा करने समेत अन्य आरोप लगे थे।
इसके जवाब में उन्होंने बताया कि इस समय वह सामान्यीकृत चिंता विकार जैसी मानसिक परेशानी से ग्रसित हैं। मनोचिकित्सक उनकी काउंसलिंग कर रहे हैं। इस कारण बोलचाल या भाषा के सही उल्लेख में गलती की संभावना रहती है। इस स्थिति में कोई अशोभनीय शब्द उजागर होने पर उन्होंने क्षमा मांगी है। सोशल मीडिया पर ग्रुप बनाने के जवाब में उन्होंने बताया कि ग्रुप का इस्तेमाल वह सिर्फ सूचनाओं को साझा करने के लिए करती हैं। उसमें कोई राजनीतिक या गैर सरकारी गतिविधियों का संचालन नहीं किया गया है। इसके अलावा अन्य सभी आरोपों को उन्होंने खारिज किया है।