बिधूना (औरैया)। सोमवार को बिधूना तहसील में हुए जिलास्तरीय संपूर्ण समाधान दिवस में डीएम व एसपी फरियादियों की समस्याएं सुन रहे थे।
इस दौरान उनके सामने एक फरियादी आया उसने बताया कि 18 साल पहले उसके पिता की मौत हो चुकी है। बावजूद इसके सात दिन पहले उनकी जमीन फर्जी तरीके से बैनामा करा ली गई है। यह सुनकर फौरन जांच के आदेश दिए गए।
बिधूना तहसील में यह कोई इकलौता मामला नहीं है, ऐसे कई मामले सामने आए, जिनमें फर्जी बैनामा किए जाने की बात सामने आई है। ऐसे में डीएम ने सब रजिस्ट्रार कार्यालय के जांच के आदेश दिए। सात दिन में रिपोर्ट तलब की है। उन्होंने कहा कि दोषी पाए जाने पर संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
तहसील सभागार में डीएम डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी व एसपी अभिजित आर शंकर को जनसुनवाई के दौरान कुदरकोट निवासी सुदेश तिवारी ने शिकायती पत्र दिया। उसने बताया कि उसके पिता वेदप्रकाश की मृत्यु 2007 में हो चुकी है। पिता के नाम गपकापुर में भूमि संख्या 225 रकबा 1.769 है, जिसमें 1/2 अंश है।
बताया कि वह बाहर प्राइवेट नौकरी करता है। क्षेत्रीय लेखपाल से कई बार कहा, फिर भी उन्होंने पिता की विरासत दर्ज नहीं की है, इससे पिता के नाम खतौनी दर्ज है। वहीं 13 जनवरी 2025 को नेविलगंज, भर्थना, ताखा इटावा के कुछ लोगों ने फर्जी तरीके से उसके मृतक पिता की जगह पर किसी को वेदप्रकाश बनाकर बैनामा करा लिया। जबकि पिता का निधन हुए लगभग 18 साल हो चुके हैं।
सुदेश के अलावा कई ऐसे और मामले भी सुर्खियों में आ चुके हैं। इन्हें देखते हुए डीएम डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने सब रजिस्ट्रार कार्यालय की जांच के आदेश दिए। वहीं गपचारिया निवासी ओमचंद्र ने डीएम से कहा कि वह 80 प्रतिशत दिव्यांग हैं।
कई बार आवास को लेकर प्रार्थना पत्र दिया, लेकिन आवास नहीं मिला। प्रधान पति व सचिव और लेखपाल पर कई गंभीर आरोप लगाए। आरोप लगाया कि देवस्थान को तोड़कर दूसरे की दीवार बनाने को लेखपाल ने सहयोग किया है।
बिधूना में आईं 130 शिकायत, 10 ही निस्तारित
सोमवार को बिधूना तहसील दिवस में जनसुनवाई के दौरान 135 शिकायत दर्ज की गईं। इनमें से सिर्फ 10 का ही मौके पर निस्तारण किया जा सका। बाकी शिकायत के निस्तारण के लिए संबंधित विभागों को निर्देश दिया गया है। इस मौके पर तहसीलदार अविनाश कुमार, सीएमओ डॉ. सुरेंद्र सिंह, बीडीओ रमेश कुमार, रामदुलार, बीईओ अल्केश कुमार समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
सदर में आईं 74 शिकायत में एक का निस्तारण
एडीएम महेंद्र पाल सिंह की अध्यक्षता में सदर तहसील में हुए समाधान दिवस के दौरान अलग-अलग 74 लोगों ने अपनी-अपनी शिकायत की। इसमें सिर्फ एक ही शिकायत का मौके पर निस्तारण हो सका। बाकी शिकायतों के निस्तारण के लिए संबंधित विभागों को जिम्मेदारी सौंपी गई है ।
अजीतमल में 72 में से 11 शिकायतों का निस्तारण
अजीतमल। समाधान दिवस में तहसीलदार अजीतमल जितेश वर्मा ने शिकायतों को सुना। कुल 72 शिकायतों में से 11 शिकायतों का मौके पर निस्तारण किया गया। तहसीलदार ने राजस्व टीम, पुलिस के माध्यम से 11 शिकायतों का मौके पर निस्तारण कराया। अन्य शिकायतों को निस्तारित के लिए संबंधित विभागों को समय से शिकायत निस्तारित करने के निर्देश दिए।