गत14 मार्च की हुई बेमौसम बारिश का कुप्रभाव केवल किसानों पर ही नहीं पड़ा। बारिश ने व्यापारी से लेकर आम आदमी तक को आर्थिक चोट लगाई है। बारिश से जहां फसलें बर्बाद हुई हैं।
वहीं सब्जियों की फसलों पर काफी असर डाला है। मंगलवार को सब्जियों पर बारिश के प्रभाव की अमर उजाला ने पड़ताल की तो बाजार आई सभी सब्जियां महंगाई से भीगी नजर आईं।
बारिश से हरी सब्जियों के खेत भी तहस नहस हो गए हैं। बारिश में सागवानी से जुड़े किसानों को भी आर्थिक झटका लगाया है। सब्जियों की पैदावार में आई गिरावट से कीमतों में भारी उछाल हुआ है।
मंडी समिति परिसर में मंगलवार को सामान्य दिनों की अपेक्षा सब्जी किसानों की कम आमद देखने को मिली, जो किसान सब्जी लेकर आए तो वह सब्जी बारिश के बाद महंगाई से भीगी हुई नजर आई।
थोक बाजार में ऊंचे दामों पर बिकी सब्जी के दाम खुले बाजार में आसमान छू गए। बारिश के चलते हरी सब्जियों की कीमतों में 20 से 30 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई।
बंद गोभी में भी भारी उछाल देखने को मिला। 15 रुपये किलो मिलने वाले बंद गोभी के दाम में 40 फीसदी तक की वृद्धि हुई है। बारिश से कमोवेश सभी हरी सब्जियों के दाम में बढ़त हुई है।
पिछले दिनों जिले में हई बेमौसम बारिश ने सागवानी की फसलों को काफी हद तक प्रभावित किया है। हरी सब्जियों पर मंहगाई बारिश का तात्कालिक प्रभाव का नतीजा है। सुघर सिंह, जिला उद्यान अधिकारी।