रेलवे लाइन के किनारे बंद पड़ा नाला निर्माण का कार्य
- फोटो : amar ujala
एडीएम के सख्त रुख के बाद भी डेडीकेटेड फ्रेट कारीडोर के किनारे दिबियापुर के वार्डों की जलनिकासी के लिए बन रहे नाले का निर्माण बंद हो गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि रेलवे पुलिस ने इसे सुरक्षा कारणों से बंद कराया है। हालांकि रेलवे पुलिस ने ऐसी कोई जानकारी होने से इंकार किया है।
जानकारी के अनुसार पिछले वर्ष रेलवे की दो अलग से लाइनें बिछाने का काम फफूंद रेलवे स्टेशन के आसपास शुरू हुआ। इससे रेलवे लाइन के किनारे दिबियापुर के विभिन्न वार्डों का गंदा पानी निकलने के लिए बना नाला बंद कर दिया गया। पिछले वर्ष से ही स्थानीय लोग जलनिकासी की समस्या से जूझ रहे थे। इनमें से सबसे अधिक परेशानी रेलवे लाइन के किनारे बसे वार्डों के बाशिंदों को उठानी पड़ रही थी। आलम यह था कि गलियों में बरसात का पानी भरा रहता था। इस मामले को जिला प्रशासन के संज्ञान में लाने पर अपर जिलाधिकारी के निर्देश पर डेडीकेटेड फ्रेट कारीडोर के अधिकारियों ने ईओ दिबियापुर अजय कुमार के साथ स्थलीय सर्वे किया। पिछले महीनों में यहां नाले का निर्माण भी शुरू हो गया।
पर नाला खुदाई के बाद कुछ मीटर नाले की तली ढलाई की गई। इसके बाद नाला निर्माण बंद कर दिया गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि रेलवे पुलिस ने काम बंद कराया है। इस संबंध में आरपीएफ थाना प्रभारी राजकुमार का कहना है कि उन्हें नाला निर्माण के बंद होने की कोई जानकारी नहीं है। जीआरपी फफूंद चौकी इंचार्ज रामबरन सिंह का कहना है कि उन्हें भी मामले की कोई जानकारी नहीं है। फ्रेट कारीडोर के अधिकारी अनुराग श्रीवास्तव का मोबाइल नंबर मिलाने पर उनसे बात नहीं हो पाई। स्थानीय लोगों ने जल्द से जल्द नाला निर्माण शुरू कराए जाने की मांग की है।