औरैया। ओपीडी में चिकित्सकों के अनुपस्थित रहने व विलंब से पहुंचने समेत अन्य मनमानी पर अंकुश लगाने के लिए अब शासन ऑनलाइन मानीटरिंग करेगा। जिले के 100 व 50 शैया संयुक्त जिला चिकित्सालय में ओपीडी, पंजीकरण कक्ष, दवा वितरण कक्ष के पास सीसीटीवी लगाए जाएंगे। सीसीटीवी की डीवीआर आईडी निदेशालय में स्थापित कंट्रोल रूम से लिंक की जाएगी। निदेशालय कंट्रोल रूम से रैंडम चेकिंग कर हकीकत परखेगा।
चिचौली स्थित 100 शैया युक्त जिला चिकित्सालय व औरैया शहर में स्थित 50 शैया संयुक्त जिला चिकित्सालय में संचालित सेवाओं के साथ ओपीडी पर अब प्रदेश मुख्यालय की नजर रहेगी। इसके लिए महानिदेशक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा सेवा ने सीएमओ को पत्र जारी कर दोनों अस्पतालों के परिसर में सीसीटीवी लगाने का निर्देश दिए हैं।
जिले के दोनों अस्पतालों में इमरजेंसी वार्ड समेत परिसर के अलग-अलग कक्षों में ओपीडी चलती है। ओपीडी का समय सुबह के आठ से दोपहर दो बजे तक है, लेकिन कुछ डॉक्टर ओपीडी में नौ या 10 बजे तक पहुंचते और समय से पहले निकल भी जाते हैं।
इससे मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। डॉक्टरों के मनमानी की लगातार मिल रही शिकायत के बाद शासन ने यह सख्त रुख अपनाया है। इससे जिला अस्पताल में कार्यरत डॉक्टरों की मनमानी अब नहीं चल सकेगी। हालांकि पहले से अस्पतालों में कैमरे लगे हैं, पर अब यह कंट्रोल रूम से जुड़ेंगे।
सीएमओ डॉ. अर्चना श्रीवास्तव ने कहा कि स्वास्थ्य निदेशालय से दोनों अस्पतालों में सीसीटीवी लगाने के निर्देश मिले हैं। कुछ स्थानों पर पहले से कैमरे लगे है, जहां नहीं है, वहां पर जल्द ही कैमरे लगवा दिए जाएंगे। इसके बाद उन्हें कंट्रोल रूम से कनेक्ट करा दिया जाएगा। अब अस्पतालों की हर गतिविधियों पर शासन नजर रखेगा।
हर गतिविधि पर रहेगी नजर
जिला अस्पताल परिसर में स्थापित सीसीटीवी के डीवीआर की आईडी ऑनलाइन ओपीडी को मुख्यालय स्थित कंट्रोल रूम से जोड़ेगी । जिला अस्पताल के सीसीटीवी कैमरे को मुख्यालय से जोड़ने के बाद कंट्रोल रूम की स्क्रीन पर अस्पताल में संचालित सेवा प्रदर्शित होती रहेगी। इसके अलावा रैंडम के आधार पर कंट्रोल रूम में मौजूद अफसर अस्पताल में संचालित सेवा की हकीकत देख सकेंगे। वहीं, डॉक्टर, स्वास्थ्यकर्मियों और तीमारदारों में होने वाले विवादों पर भी प्रदेश मुख्यालय की नजर रहेगी। लापरवाही या अस्पताल में उपद्रव करने वाले पर सीधे कार्रवाई की जाएगी।
एमआर की एंट्री पर लग सकती रोक
अस्पतालों में अभी बेखौफ तरीके से एमआर का आना जाना रहता है। इससे मरीज भी परेशान होते है। सीसीटीवी से निगरानी होने के बाद इन पर लगाम लगेगी। साथ ही बेवजह घूमने वाले दलालों पर शिकंजा कसेगा।
डॉक्टर व पैरामेडिकल स्टॉफ का डाटा फीड
औरैया। 50 शैया संयुक्त जिला चिकित्सालय में अब डॉक्टरों व स्वास्थ्य कर्मचारियों के ड्यूटी पर आने व जाने में बायोमीट्रिक मशीन लगेगी। गुरुवार को अस्पताल में कार्यरत डॉॅक्टरों व पैरामेडिकल स्टॉफ का बायोमीट्रिक मशीन में डाटा फीड हुआ। सभी डॉक्टर व पैरामेडिकल स्टॉफ का डाटा फीड होने के बाद बायोमीट्रिक मशीन लग जाएगी। सीएमएस डॉ.राजेश मोहन गुप्ता ने बताया कि डॉक्टर व पैरामेडिकल स्टॉफ समय से अस्पताल में आ सके और मरीजों को इलाज मिले। इस लिए बायोमीट्रिक मशीन लगाई जाएगी। इसके माध्यम से डॉक्टर व पैरामेडिकल स्टाफ की हाजिरी लगाने की सुविधा होगी। मशीन में अंगूठा लगाने के साथ ही आईरिस स्कैन भी करना होगा। (संवाद)