एडीएम औरैया को जानकारी देते एसडीएम अलीगढ़ अनिल त्रिपाठी।
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आचार संहिता का अनुपालन के दौरान फफूंद चौराहे पर एडीएम ने अलीगढ़ के विशेष भूमि अध्याप्त अधिकारी एवं एसडीएम न्यायिक की नीली बत्ती लगी स्कार्पियो को रोक लिया। बाद में जानकारी होने पर छोड़ा।
शनिवार दोपहर फफूंद चौराहे पर एडीएम औरैया दिबियापुर थाना के फोर्स के साथ चेकिंग रहे थे। इसी दौरान नीली बत्ती लगी एक स्कार्पियो वहां से गुजरी। निजी स्कार्पियो पर नीली बत्ती लगी देख पुलिसकर्मियों ने उसे रोक लिया। इसमें औरैया जिले में पहले तैनात रहे एसडीएम अनिल त्रिपाठी थे। उन्होंने अपना परिचय दिया, लेकिन पुलिस कर्मी उन्हें एडीएम के पास ले गए।
यहां एसडीएम अनिल त्रिपाठी ने बताया कि वे वर्तमान में अलीगढ़ में विशेष भूमि अध्याप्त अधिकारी एवं एसडीएम न्यायिक हैं। निजी स्कार्पियो होने के बावजूद भूमि अध्याप्त विभाग में अटैच है। वह निर्वाचन कार्य के लिए इलाहाबाद जा रहे हैं। काफी पड़ताल के बाद एडीएम ने एसडीएम अनिल त्रिपाठी को जाने दिया। एसडीएम अनिल त्रिपाठी ने बताया कि उन्हें आगे बारा टोल प्लाजा पर भी रोका गया था। बाद में जानकारी देने पर उन्हें जाने दिया गया।
आचार संहिता उल्लंघन में फंसे प्रधान
दिबियापुर। नामांकन जुलूस में शामिल एक प्रधान पर जनप्रतिनिधित्व अधिनियम के अंतर्गत आदर्श आचार संहिता उल्लंघन की रिपोर्ट दिबियापुर थाने में दर्ज की गई है। उड़नदस्ता प्रथम के मजिस्ट्रेट भूमि संरक्षण अधिकारी हीरा लाल की तहरीर पर दर्ज हुई रिपोर्ट में आरोप है कि ओमनी कार 27 जनवरी को सपा प्रत्याशी के नामांकन जुलूस में थी। जिस पर सपा प्रत्याशी के समर्थन में लिखा हुआ बैनर लगा हुआ था। बैनर में निवेदक के तौर पर प्रधान प्रमोद कुमार यादव लिखा था। इसकी रिकार्डिंग भी की गई है। हालांकि यह स्पष्ट नहीं हो सका कि यह किस गांव के प्रधान की गाड़ी थी। गाड़ी के नंबर के आधार पर गाड़ी मालिक की तलाश की जाएगी।