समाजवादी पार्टी में रार थमने से पार्टी के दो फाड़ होने की आशंकाएं खत्म हो गईं, लेकिन अखिलेश की पत्नी डिंपल के लोकसभा क्षेत्र में सपा इस समय दो धड़ों में बंटी हुई है। बिधूना सीट से मुलायम के साढ़ू प्रमोद गुप्ता एलएस व दिनेश वर्मा दोनों ही टिक ट मिलने का दावा कर वोट मांग रहे हैं। सपा जिलाध्यक्ष राजेश सिंह चौहान ने एलएस को ही टिकट मिलने की बात कही है। इस बाबत पार्टी कार्यालय से कोई अधिकृत सूचना जारी नहीं हुई है।
बिधूना से सिटिंग विधायक प्रमोद गुप्ता एलएस मुलायम सिंह यादव के साढ़ू हैं। मुलायम की सूची में प्रमोद गुप्ता का नाम था। अखिलेश यादव ने राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद प्रमोद का टिकट काटकर दिनेश वर्मा गुड्डू को दे दिया। दिनेश वर्मा विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष व सात बार विधायक रहे स्वर्गीय धनीराम वर्मा के बेटे हैं। इनके अखिलेश से दोस्ताना संबंध भी हैं।
टिकट कटने के बाद प्रमोद ने सपा के नामांकन पत्र खरीदकर पार्टी की भीतरी सियासत गर्मा दी है। इन्होंने अपनी टिकट फाइनल होने का भी दावा किया है। इस दावे पर सपा जिलाध्यक्ष राजेश सिंह चौहान ने मुहर लगा दी है।
सपा जिलाध्यक्ष का कहना है कि अखिलेश यादव के निजी सचिव एसआरएस यादव ने फोन कर प्रमोद गुप्ता को टिकट देने की बात कही है।
वहीं दिनेश वर्मा ने शुक्रवार को सपा से नामांकन दाखिल कर दिया है। प्रमोद गुप्ता एलएस 30 जनवरी को सपा से नामांकन करने का दावा कर रहे हैं। ऐसे में पार्टी कार्यकर्ता असमंजस में हैं। कार्यकर्ता आपस में बंट गए हैं। कुछ एलएस के लिए तो कुछ दिनेश वर्मा के लिए वोट मांग रहे हैं। बिधूना विधानसभा डिंपल यादव के संसदीय क्षेत्र कन्नौज लोकसभा में आती है। पार्टी ने अभी कोई लिखित संदेश जारी नहीं किया है। इससे दोनों धड़ों में बेचैनी है।