औरैया। गुरुवार की देर रात तेज आंधी के साथ बारिश व ओलावृष्टि हुई। इससे गेहूं उत्पादक किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें उभर आई हैं। वजह यह है कि बारिश के चलते खेतों में गेहूं की फसल की कटाई का कार्य बाधित हो रहा। हालांकि कृषि अधिकारियों का कहना है कि बारिश से जिले की पांच से छह फीसदी फसल ही नुकसान होने की संभावना है। वहीं, आंधी-पानी से बिजली आपूर्ति भी बाधित रही।
तेज आंधी के साथ बारिश से खेत में कटी रखी फसल उड़ने से किसानों को नुकसान हुआ है। शुक्रवार को सुबह खेतों पर पहुंचे किसानों ने फसल को नष्ट देख नुकसान का आंकलन किया। मौसम विशेषज्ञ डॉ. संदीप ने बताया कि सात एमएम बारिश रिकार्ड की गई है। मौसम विशेषज्ञ ने बताया कि आसमान में हल्के बादल छाए रहने के साथ ही चार व छह मई को तेज हवाओं के साथ हल्की बारिश की संभावना है।
कृषि अधिकारी विजय कुमार ने बताया कि जिले में एक लाख हेक्टेयर में गेहूं की फसल बोई गई थी। पहले से बारिश की संभावना था। जिसके चलते किसान फसल काटने में लगा था। लगभग 95 फीसदी फसल किसान काट चुका है। बारिश से अधिक नुकसान नहीं हुआ हैं।
वहीं, ग्राम जरुहौलिया निवासी छबरान सिंह ने बताया कि बटाई पर खेत लेकर उसने छह बीघा खेत में गेहूं की फसल बोई थी। कर्जा लेकर वह किसी तरह खेती कर रहा है। बार-बार हो रही बारिश से फसल का नुकसान साफ दिखने लगा है। ऐसे में लागत निकलना भी मुश्किल नजर आ रहा है। ग्राम जरुहौलिया निवासी पंकज कुमार ने बताया कि बारिश से खेत में खड़ी गेहूं की फसल नष्ट हुई है। बताया कि इससे पहले भी बारिश ने फसल को नुकसान पहुंचाया था।