औरैया। मार्च में क्षय रोग दिवस पर जिले को टीबी मुक्त बनाने की तैयारी की जा रही है। इसमें गांवों को टीबी मुक्त घोषित करने की तैयारी है। इसे देखते हुए जिले में बलगम की जांच में तेजी लाई गई है। एक माह में तीन हजार लोगों की जांच कराई गई है।
शहर के जिला अस्पताल से लेकर सीएचसी व पीएचसी पर होने वाली बलगम जांच को अब बढ़ा दिया गया है। यहां पहुंचने वाले अलग-अलग मरीजों की बलगम जांच को अनिवार्यता से किया जा रहा है। इसके साथ ही उनका डाटा भी जुटाया जा रहा है। पिछले एक माह के अंदर तीन हजार से ज्यादा रोगियों की जांच हो चुकी है।
जिले में वर्तमान में 100 से ज्यादा टीबी रोगी हैं, जिन्हें निरंतर दवा देकर आर्थिक मदद दी जा रही है। गांवों में बढ़े पैमाने पर लोगों की बलगम जांच में टीबी की हकीकत पता करने के लिए क्षय रोग विभाग ने अपनी सक्रियता बढ़ा दी है।
जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. संत कुमार ने बताया कि जिला अस्पताल, सीएचसी व पीएचसी में मरीजों की बलगम जांच में बढ़ोतरी कर दी गई है। जल्द ही इस अभियान में टीमों के गठन के साथ ही वृहद जांच अभियान भी शुरू किया जाएगा। मार्च में क्षय रोग दिवस पर टीबी से मुक्त गांवों की घोषणा करने की तैयारी स्वास्थ्य विभाग ने की है।