अयाना। बीहड़ पट्टी की सीएचसी अयाना में अल्ट्रासाउंड की व्यवस्था न होना गर्भवती महिलाओं को भारी पड़ रहा है। उन्हें चिचौली मेडिकल कॉलेज तक 70 किलोमीटर का चक्कर लगाना पड़ रहा है।
वहीं औरैया शहर में अनुबंध पर अल्ट्रासाउंड जांच के लिए निजी सेंटर पर पहुंचने के लिए भी 50 किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ रही है। ऐसे में उन्हें प्राइवेट पैथोलॉजी से अल्ट्रासाउंड कराने में ज्यादा पैसा खर्च करना पड़ रहा है।
बीहड़ पट्टी के 50 गांवों की अधिकांश महिलाएं अपना इलाज कराने सीएचसी अयाना आती हैं। यहां प्रतिदिन दो से तीन सामान्य प्रसव करवाए जाते हैं लेकिन अयाना अस्पताल में अल्ट्रासाउंड की सुविधा न होने के चलते गर्भवती महिलाओं को बहुत परेशानी होती है।
इन महिलाओं को 70 किलोमीटर का चक्कर लगाकर चिचौली मेडिकल कॉलेज जाना पड़ता है या फिर 50 किलोमीटर का चक्कर लगाकर औरैया शहर में निजी अल्ट्रासाउंड सेंटर पर जांच करवानी पड़ती है। यहां तक कि शासन की ओर से आयोजित सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत प्राइवेट अल्ट्रासाउंड सेंटर पर मिलने पर निशुल्क जांच के लिए औरैया शहर जाना पड़ता है।
गर्भावस्था में लंबा सफर तय करने में गर्भवतियों की परेशानी अधिक हो जाती है। वहीं, इतने लंबे सफर के लिए कम से कम एक हजार से ज्यादा का खर्चा आता है जबकि प्राइवेट पैथोलॉजी पर अल्ट्रासाउंड 1500 रुपये में हो जाते हैं। कहीं न कहीं सुरक्षित मातृत्व अभियान को लेकर बीहड़ क्षेत्र से स्वास्थ्य विभाग की नजरें हटीं हुई हैं।
बोलीं महिलाएं-अल्ट्रासाउंड की सुविधा नहीं
बहू डोली गर्भवती है। सीएचसी में जांच कराने आए हैं। यहां केवल खून की जांच हुई है। अब अल्ट्रसाउंड के लिए चिचौली जाना पड़ेगा। हजार रुपये का खर्चा आएगा।-विनीता, अनुरुद्धनगर
बहू दिव्या को जांच के लिए सीएचसी लाए हैं लेकिन यहां पर अल्ट्रासाउंड की सुविधा ही नहीं है। औरैया शहर के निजी पैथोलॉजी पर निशुल्क जांच की सलाह मिली है। 50 किमी दूर जाना पड़ेगा।-ममता, अयाना
वर्जन
गर्भवतियों की खून की सामान्य जांचें फिलहाल सीएचसी में हो रही हैं। औरैया के एक प्राइवेट पैथोलॉजी में अनुबंध पर निशुल्क अल्ट्रासाउंड कराए जा रहे हैं। सीएचसी में अल्ट्रासाउंड जांच की सुविधा शुरू करने के लिए शासन में पत्राचार किया गया है।-डॉ. सुनील कुमार, सीएचसी अधीक्षक अयाना