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Auraiya News: दो मासूमों की मौत पर फूटा गुस्सा, परिजन ने लगाया जाम

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एरवाकटरा (औरैया)। छिबरामऊ मार्ग पर अवैध रूप से खोदे गए गहरे गड्ढे में डूबकर दो मासूमों की मौत का मामला बुधवार को गरमा गया। शव परीक्षण के बाद बच्चों के शव देईपुर गांव पहुंचते ही परिजन और ग्रामीणों का गुस्सा भड़क उठा। उन्होंने पुलिस पर लीपापोती का आरोप लगाते हुए सड़क जाम कर दी और निष्पक्ष जांच की मांग की।
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बुधवार शाम 5:25 बजे मृतक कृष्णा (7) का शव गांव पहुंचा, जिसके बाद परिजन अंतिम संस्कार के लिए ले गए। कुछ देर बाद शाम 5:35 बजे आर्यन (8) का शव भी पहुंचा। आर्यन के पिता राजीव राठौर ने प्रशासन और पुलिस पर आरोपी खेत मालिक को बचाने का आरोप लगाया। उनका कहना था कि गड्ढा 10 फीट से अधिक गहरा है, जबकि पुलिस उसे 2-3 फीट गहरा बता रही है। यह गड्ढा लापरवाही से ट्रकों की धुलाई के लिए खोदा गया था।
ग्रामीणों के आक्रोश के बाद पुलिस के दावों की पोल खुल गई। परिजन की मांग पर एक ग्रामीण बांस का डंडा लेकर गड्ढे में उतरा। किनारे पर ही गड्ढे की गहराई करीब सात फीट निकली, जिससे पुलिस के दावों की हवा निकल गई। सूचना पर एसडीएम बिधूना कमल कुमार और सीओ पी पुनीत मिश्रा मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने निष्पक्ष जांच और दोषियों पर सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद परिजन अंतिम संस्कार के लिए राजी हुए।
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कृष्णा और आर्यन के डूबते ही कृष्णा के बड़े भाई आर्यन (10) और बहन सौम्या (5) ने पास में तख्त पर लेटे बुजुर्ग गुड्डू बाबा को रोते हुए जानकारी दी। गुड्डू बाबा पानी में कूदे, वहीं आर्यन का छोटा भाई रोहन (6) भागकर घर पहुंचा और परिजन को खबर दी। परिजन ने ग्रामीणों की मदद से दोनों मासूमों को बाहर निकाला, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
वाहनों की धुलाई के लिए करीब एक बीघा क्षेत्र में संचालकों को अवैध रूप से गड्ढे कर दिए थे। गड्ढे में भरे पानी में डूबकर हुई मासूमों की मौत के बाद थाना पुलिस सक्रिय हुई और रात में ही धुलाई के लिए लगे पंपिंग सेट को हटवा दिया गया। बुधवार को वहां एक भी वाहन नहीं पहुंचा।
आर्यन के पिता ने धुलाई केंद्र चलाने वाले युवक के खिलाफ तहरीर दी है। मामले की जांच की जा रही है। जल्द प्राथमिकी दर्ज की जाएगी।
-पी.पुनीत कुमार, सीओ, बिधूना
दिलवाई जाएगी चार-चार लाख रुपये की मदद
बिधूना एसडीएम कमल कुमार सिंह ने बताया कि मौके पर खनन के लिए गड्ढा नहीं किया गया था। जिस खेत में पानी भरा था, उसके मालिक ने एक तरफ मकान बनाने के लिए मिट्टी एकत्रित की थी। मिट्टी निकालने के कारण वहां करीब चार फीट गहरा गड्ढा हो गया था। मृतकों के घर भी घटनास्थल से कुछ दूरी पर ही हैं। इसी गड्ढे में भरे पानी में डूबने से दो बालकों की मौत हुई है। एसडीएम ने बताया कि शासन की ओर से चार-चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता का प्रावधान है। मृतकों के परिजनों को नियमानुसार यह सहायता राशि दिलाई जाएगी।
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