औरैया। बाजार खुलने पर लोगों से वसूली करने व उनसे दुर्व्यवहार करने के आरोप में एसपी ने नरायनपुर चौकी इंचार्ज (दरोगा) को निलंबित कर दिया। इस मामले में दोषी पाए गए एक हेड कांस्टेबल व एक कांस्टेबल को भी लाइन हाजिर कर दिया। वसूली की शिकायतों के बाद एसपी ने सीओ से मिली जांच रिपोर्ट के बाद यह कदम उठाया है।
शहर के आवास विकास के पास रहने वाले प्रकाश नारायण पुत्र मुखराम से 14 अप्रैल की सुबह बाइक सवार पुलिस कर्मियों ने उसकी दुकान की तलाशी के दौरान बीड़ी का पैकेट मिलने पर दो हजार रुपये की मांग की थी। इसके बाद पुलिस कर्मी पांच सौ रुपये की वसूली कर ले गए थे। इस मामले में पीड़ित ने अपनी दुकान के तख्ते पर लॉकडाउन के नाम पर पुलिस लोगों की सुरक्षा न करके उन्हें लूट रही है शब्द लिखे थे। मामले की जानकारी सोशल मीडिया पर आते ही एसपी सुनीति ने सीओ सिटी सुरेंद्र नाथ यादव को जांच सौंपी थी। जिसमें एसपी ने जांच रिपोर्ट में तथ्यों के सही पाए जाने पर चौकी इंचार्ज नरायनपुर दरोगा अवनीश कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। हेड कांस्टेबल प्रेम चंद्र व कांस्टेबल रोहित कुमार को लाइन हाजिर कर दिया। एसपी ने पुलिस कर्मियों पर लग रहे आरोपों को लेकर कहा कि वह इस बात को कतई बर्दाश्त नहीं करेंगी कि कोई भी पुलिस कर्मचारी जनता का शोषण करे। कहा कि यदि कोई भी पुलिसकर्मी फिर से ऐसी हरकत करते पाया गया तो उसके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
सुधीर बने चौकी इंचार्ज नारायनपुर तो नीरज बजे चौकी प्रभारी पुरवा सुजान
औरैया। वसूली के आरोप में निलंबित नरायनपुर चौकी इंचार्ज अवनीश के स्थान पर एसपी सुनीति ने दरोगा सुधीर भारद्वाज को सदर कोतवाली से चौकी प्रभारी नरायनपुर बनाया है। दरोगा नीरज त्रिपाठी को पुलिस लाइन से बेला थाना क्षेत्र की चौकी पुर्वा सुजान का चौकी प्रभारी बनाया है। इसके अलावा हेड कांस्टेबल अनिल कुमार व कांस्टेबल सतीश चंद्र को पुलिस लाइन से सदर कोतवाली में स्थानांतरित करने का आदेश जारी किया है।