औरैया। जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में किशोरी व युवतियों के आत्महत्या करने के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। सप्ताह भर में पांच ऐसी घटनाएं हो चुकी हैं। जिसमें घरेलू कलह व लड़कों के परेशान करने से लड़कियां फंदे पर झूल गईं।
पुलिस इन मामलों में फिलहाल जांच कर रही है। पिछले एक सप्ताह की बात करें तो पहला मामला कोतवाली क्षेत्र के बीहड़ी गांव मढ़ापुर का है। जहां चारा डालने के विवाद में एक 17 साल की किशोरी खेतों में खड़े बबूल के पेड़ पर दुपट्टे से फंदा बनाकर लटक गई थी।
दूसरी घटना दो दिन पहले ही कोतवाली क्षेत्र के बीहड़ में बसे अस्ता गांव में हुई। जहां घर का काम करने को लेकर विवाद हुआ और 17 साल की किशोरी ने घर में ही फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली।
तीसरी घटना अजीतमल के लक्ष्मणपुर में मंगलवार की रात हुई। जहां एक किशोरी के परिजन सोते रहे और उसने पंखे के कुंडे में रस्सी के सहारे फंदा डालकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली।
इसी तरह अजीतमल क्षेत्र के अलीपुर में एक शव पंखे के कुंडे पर बने फंदे से लटका मिला था। इससे 20 दिन पहले कोतवाली के ही करमपुर गांव में एक युवती ने फंदे पर लटककर जान दे दी थी। आरोप था कि उसके पड़ोसी गांव का एक युवक काफी समय से परेशान कर रहा था।
हालांकि कई मामलों में परिजनों ने आरोप तो लगाए लेकिन कोई तहरीर नहीं दी। लोगों का कहना है कि सोशल मीडिया के चक्कर में किशोरियों और युवतियों की सहनशीलता कम हो रही है।
अभिभावक लड़कियों के साथ होने वाली छोटी-मोटी घटनाआें को लोकलाज के कारण अनदेखा कर रहे हैं। इससे ऐसे मामले बढ़ रहे हैं।