सहायल (औरैया)। जिलाधिकारी गोशालाओं की स्थिति सुधारने पर लगातार जोर दे रहे हैं लेकिन जिम्मेदार इसमें लापरवाही बरत रहे हैं। यहीं कारण है कि गोशालाओं में गोवंश कमजोर हो रहे हैं। शनिवार को करचला गोशाला में एक गोवंश की मौत हो गई। गोशाला में हरे चारे और पानी का अभाव है। गंदगी भी है।
विकास खंड सहार की ग्राम पंचायत करचला में बनी अस्थायी गोशाला में 307 गोवंश रजिस्टर में दर्ज हैं। गोशाला में काफी समय से हरे चारे की कमी है। सूखा चारा खाने से गोवंश बीमार हो रहे हैं। गोशाला में तीन गोवंश की हालत गंभीर है। उनका उपचार कागजों पर किया जा रहा है। गोवंशों की दुर्दशा से ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त है। ग्रामीणों ने बताया कि गायों के शव बिना पोस्टमार्टम कराए ही दफनाए जा रहे हैं। शनिवार को मृत गाय को भी बिना पोस्टमार्टम के ही सेवादारों ने गड्ढे में फेंक दिया। पानी की हौंदिया सूखी होने के कारण गोवंश परिसर में भरा बारिश का पानी पी रहे हैं। इस समस्या पर पंचायत सचिव शिवरत्न पाल का फोन न उठने से बात नहीं हो सकी।
पशु चिकित्साधिकारी डॉ हृदेश कुमार ने बताया कि गोशाला में एक गोवंश की मौत की सूचना मिली है। मौके पर जा रहे हैं। पोस्टमार्टम में मौत का कारण पता लगेगा।