औरैया। एक पुराने मुकदमे के आरोपियों को तलब किए जाने संबंधी कोर्ट के आदेश को ठंडे बस्ते में डाल देने पर नाराज कोर्ट ने जेल अधीक्षक फतेहगढ़ को पांच मार्च को तलब किया है। कोर्ट ने जेल अधीक्षक को उपस्थित होकर स्पष्टीकरण देने को कहा है। साथ ही इस लापरवाही पर उच्च न्यायालय को लिखने की चेतावनी दी है।
एडीजीसी अरविंद राजपूत ने बताया कि औरैया थाने का वर्ष 2009 का एक मुकदमा अपर सत्र न्यायाधीश (द्वितीय) रजत सिन्हा की कोर्ट में विचाराधीन है। इस मुकदमे के अभियुक्त पूती उर्फ रामबाबू, गजराज सिंह, योगेश सिंह दोहरे उर्फ भाटिया, देवेंद्र राजपूत व संतोष तिवारी फतेहगढ़ जेल में निरुद्ध हैं। इन आरोपियों के कोर्ट में उपस्थित न होने से मुकदमा निस्तारित नहीं हो पा रहा है।
कोर्ट ने कई तिथियों पर तलबी आदेश जेल भेजा, लेकिन जेल अधीक्षक ने ना तो कोई जवाब दिया और ना ही कोई कार्रवाई की। यही नहीं इन अभियुक्तों को कोर्ट भी नहीं भेजा जा रहा है। इस पर कोर्ट ने आपत्ति जताते हुए फतेहगढ़ जेल के अधीक्षक को पांच मार्च को उपस्थित होकर स्पष्टीकरण देने का पत्र जारी किया है। एडीजे रजत सिन्हा ने चेतावनी दी है कि आदेश का अनुपालन न करने पर उच्च न्यायालय को इस बाबत लिखा जाएगा। आदेश की प्रति पुलिस अधीक्षक फतेहगढ़ को भी भेजी गई है।