दिबियापुर (औरैया)। जिले की कई प्रमुख सड़कें बदहाल हैं। इसके चलते राहगीरों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। सड़क पर गहरे गड्ढे होने के कारण कई गांवों तक पहुंचने के लिए लंबा चक्कर लगाना लोगों की मजबूरी बन गया है। फिर भी विभागीय अधिकारी इन मुख्य सड़क मार्गों पर ध्यान नहीं दे रहे हैं।
स्वतंत्रता सेनानियों के गांव पीपरपुर का रास्ता बदहाल
औरैया-दिबियापुर मुख्य मार्ग से सीएमओ कार्यालय होते हुए पीपरपुर गांव जाने वाला संपर्क मार्ग कई वर्षों से खस्ताहाल है। औरैया दिबियापुर मार्ग पर गांव समाधान का पुर्वा से गांव पीपरपुर गांव तक जाने वाला रास्ता नीलकंठ का पुरवा, हजियापुर, झपनी का पुरवा, गुलाबपुर, दखलीपुर आदि गांवों को आपस में जोड़ता है। इस संपर्क मार्ग पर ही मुख्य चिकित्साधिकारी का कार्यालय है। परंतु पिछले कई वर्षों से इस मार्ग की मरम्मत नहीं हुई है। कई स्थानों पर सड़क पर गहरे गड्ढे हो गए हैं। यह हाल तब है जब गांव पीपरपुर स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों का गांव है। राजनारायण समेत गांव के जयनारायण, बैकुंठ नारायण, राजाराम, रामसेवक, श्रीनारायण, चिरौंजीलाल ने स्वतंत्रता के लिए हुए आंदोलन में हिस्सा लिया। जबकि दर्शनलाल ने देश की स्वतंत्रता के लिए अपने प्राण न्यौछावर किए थे।
दिबियापुर से पाता अछल्दा होते हुए सैफई तक गया रूरा सैफई लिंक मार्ग की हालत खस्ता है। कानपुर देहात, औरैया एवं इटावा जिलों को आपस में जोड़ने वाले सड़क मार्ग का दोपहिया एवं चौपहिया वाहन चालक एक जिले से दूसरे जिले तक जाने के लिए इस्तेमाल करते हैं। इस मार्ग के किनारे औरैया जिले के कई प्रमुख गांव पाता, अछल्दा समेत अन्य कई छोटे गांव हैं। अवर अभियंता पीडब्ल्यूडी अवध नारायण मुख्य सड़क से पीपरपुर गांव तक जाने वाले लगभग पौने दो किलोमीटर सड़क मार्ग के नवीनीकरण के लिए टेंडर ठेकेदार को अलाट हो गया है। बरसात से पहले मार्ग निर्माण हो जाएगा।
दिबियापुर विधायक प्रदीप यादव ने बताया कि पीडब्ल्यूडी मंत्री जितिन प्रसाद द्वारा मांगे गए प्रस्ताव के बाद पिछले दिनों दिबियापुर से नहर पटरी होते हुए घसारा तक लगभग 30 किलोमीटर सड़क की मरम्मत के लिए प्रस्ताव भेजा है। उम्मीद है कि जल्द ही सड़क बनेगी।
दिबियापुर में नहर किनारे गुजरे रास्ते पर गहरे गड्ढ़े। संवाद- फोटो : AURAIYA
विधायक प्रदीप यादव- फोटो : AURAIYA