फोटो-15एयूआरपी 27- अवैध निर्माण को ढहाती जेसीबी। संवाद
बिधूना। कुदरकोट क्षेत्र के गांव नगला विजई में साल 1972 से चल रहे दीवानी मुकदमे में 53 साल बाद पीड़ित को न्याय मिला है। न्यायालय के आदेश पर बुधवार को राजस्व व पुलिस टीम गांव पहुंची। पीड़ित की जमीन पर बने अवैध निर्माण को ढहाया गया। साथ ही साथ जमीन को पीड़ित के सुपुर्द किया गया।
तारा सिंह बनाम भूप सिंह के बीच चल रही दीवानी में अगस्त 2025 में तारा सिंह के पक्ष में निर्णय किया। इसमें विवादित जमीन का स्वामित्व तारा सिंह को दिया गया। बुधवार को न्यायालय के आदेश पर अमीन मोहित मिश्रा, कुदरकोट व बिधूना थाना की पुलिस गांव पहुंची। भारी पुलिस बल की मौजूदगी में कार्रवाई की गई। पुलिस ने विवादित जमीन पर बने निर्माण को जेसीबी से ध्वस्त कराया। जमीन को पूरी तरह खाली कराकर पीड़ित पक्ष को कब्जा दिलाया गया।
कार्रवाई के दौरान किसी प्रकार की अशांति न हो, इसके लिए आसपास के कई थानों का पुलिस बल मौके पर तैनात रहा। अमीन मोहित मिश्रा ने न्यायालय आदेश के अनुपालन की पुष्टि की। ग्रामीणों की मौजूदगी में शांतिपूर्ण ढंग से पूरी हुई इस कार्रवाई को लेकर क्षेत्र में चर्चा रही। आधी सदी से अधिक समय बाद तारा सिंह को अपनी जमीन का अधिकार मिलने पर परिवार और ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। कुदरकोट थानाध्यक्ष रामबालक शुक्ला ने बताया कि दीवानी का करीब 53 साल पुराने मामले पीड़ित तारा सिंह के पक्ष आदेश आने के बाद कोर्ट के आदेश का पालन करने के लिए अमीन मोहित मिश्रा व पुलिस गांव पहुंची थी।
फोटो-15एयूआरपी 27- अवैध निर्माण को ढहाती जेसीबी। संवाद