फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UP: कमिश्नर साहब की बेटी की शादी है.. उन्हें कार गिफ्ट कर दो, जमीन पर कब्जा मिल जाएगा कह ठग लिए लाखों

Fri, 22 Mar 2024 06:20 PM IST
विमल शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, अमरोहा

सार

अमरोहा में कमिश्नर और डीएम-एसपी के नाम पर ठगी करने वाला गिरोह सक्रिय है। वह लोगों से जमीन पर कब्जा दिलवाने के लिए अफसरों के नाम पर उपयोग कर रहे हैं। इस बीच आरोपी कई लोगों से ठगी कर चुके हैं। इस बारे में केस दर्ज कर लिया गया है। 
विज्ञापन
अफसरों के नाम पर ठगी - फोटो : istock
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

अमरोहा के सैदनगली थानाक्षेत्र के फैयाजनगर गांव के रहने वाले किसान लख्मीचंद गाटा संख्या 555 जमीन के सहखातेदार हैं। उस जमीन पर वह काबिज भी हैं। उनका आरोप है कि गांव के ही प्यारेलाल, वीरपाल, विजेंद्र सिंह, महिपाल व भागवती ने उनकी जमीन पर कब्जा कर मकान बना लिया है।

विज्ञापन


जिसके संबंध में हसनपुर उपजिलाधिकारी न्यायालय में वाद भी विचाराधीन है। इस दौरान लख्मीचंद की मुलाकात हसनपुर तहसील में अनिल शर्मा निवासी गांव पंशूका थाना एचौड़ा कम्बोह जनपद संभल से हुई थी। दोनों के बीच अच्छे संबंध बन गए।

लख्मीचंद ने अपनी जमीन के मुकदमे के बारे में अनिल शर्मा को बताया। आरोप है कि अनिल शर्मा ने लख्मीचंद से कहा कि मुरादाबाद कमिश्नर उनके रिश्ते के भाई हैं, उनके कार्यालय में तैनात स्टेनो मौसेरा भाई है। वह उनसे बात कर एक महीना के भीतर जमीन पर कब्जा दिला देगा।
विज्ञापन


अनिल ने यह भी कहा कि कुछ पैसे डीएम, एसपी, एएसपी, एसडीएम हसनपुर व थानाध्यक्ष सैदनगली को भी जाने हैं। झांसे में लेने के लिए कई बार उसने लख्मीचंद के सामने अपने मोबाइल से बात भी करता और जिस व्यक्ति से बात करता उसे कमिश्नर, डीएम, एसपी बताता था।

लख्मीचंद अनिल के झांसे में आ गए। उन्होंने अनिल के कहने पर 922750 रुपये दे दिए। इतना ही नहीं दो महीना पहले अनिल ने कहा कि कमिश्नर साहब की बेटी की शादी है। वहां गिफ्ट जाना है। कम से कम कार तो जानी चाहिए।

इसके लिए लख्मीचंद व उनके सहखातेदारों ने डेढ़ लाख रुपये जमा कर फाइनेंस पर कार खरीदवा ली। किस्त जमा करने की जिम्मेदारी अनिल ने स्वयं ले ली। इसके बाद भी वह मुकदमा खत्म करा कर जमीन पर कब्जा नहीं दिला सका।

इस दौरान लख्मीचंद व सहखातेदारों ने उस पर तकादा किया तो वह धमकी देने लगा। दो मार्च 2024 को भी अनिल ने धमकी दी और रुपये लौटाने से इनकार कर दिया। जिस पर पीड़ित ने थाने में तहरीर दी। इस मामले में अनिल शर्मा के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। 

 

 

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें