अमरोहा। सत्यापन के दौरान शौचालयों की संख्या में कमी पर पंचायती राज विभाग सख्त हो गया है। जांच में 511 परिवार अपात्र मिलने को गंभीर मामला बताया है। संबंधित के खिलाफ कार्रवाई के लिए आधार तलाश रहे हैं। अफसरों का दावा है कि प्राथमिकता वाले कार्यों में संजीदगी नहीं दिखाई है। लक्ष्य पूरा करने के लिए कोरम पूर्ति की गई है। फिलहाल 7,877 लोगों को शौचालय के लिए चिह्नित कर लिया गया हैं।
जिले में यूनिवर्सल सेनिटेशन कवरेज के तहत 8,388 परिवार शौचालय के लिए पात्र मिले थे। पंचायती राज के निदेशक ने पात्रों का सत्यापन कराने का आदेश दिया। इसके बाद 511 परिवार अपात्र मिले। अपात्र परिवार की कमी सभी विकास खंड क्षेत्र के गांवों में हुई है। पंचायती राज विभाग के जिम्मेदार अपात्र परिवार को लेकर असमंजस में रहे हैं। अब महकमा शौचालय के लिए अपात्रों की संख्या पर कार्रवाई का खाका तैयार करने पर विचार कर रहा है। आखिर प्राथमिकता वाले कार्य के प्रति जिम्मेदार बेपरवाह क्यों हो गएं। चयनित परिवार को शौचालय बनाने के लिए 12 हजार रुपये मिलेंगे। यह रकम लाभार्थियों को दो किस्त में भेजा जाएगा। अंतिम किस्त छह हजार रुपये निर्माण के बाद मिलेंगे।
- शौचालय के लिए 511 अपात्र मिले हैं। अधिकारियों ने जांच की है। अब आगे कार्रवाई की जा रही है। वाचस्पति झा, डीपीआरओ