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Amroha News: शासन ने दोबारा मांगी बैंक घोटाले की रिपोर्ट, जल्द भेजेगी पुलिस

Sun, 07 Dec 2025 02:39 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
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अमरोहा। गजरौला में प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक की शाखा बलदाना हीरा सिंह में करोड़ों रुपये के घोटाले में शासन ने कुछ बिंदुओं के साथ पुलिस से दोबारा से रिपोर्ट मांगी है। इसके बाद रजबपुर थाना पुलिस ने ईओडब्ल्यू मेरठ के अधिकारियों से भी राय ली है। पुलिस जल्द ही रिपोर्ट भेजने की तैयारी में हैं। हालांकि, मामले में तत्कालीन प्रबंधक और अन्य के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ईओडब्ल्यू से जांच करने की बात कहते हुए शासन को रिपोर्ट भेज दी थी। लेकिन,
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गजरौला क्षेत्रीय कार्यालय के अंतर्गत आने वाली प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक की बलदाना हीरा सिंह शाखा मुरादाबाद के सूर्यनगर लाइन पार कॉलोनी निवासी मनोज कुमार सैनी तीन जुलाई 2020 को शाखा प्रबंधक के पद पर तैनात हुए थे। शाखा में उनका कार्यकाल 26 मई 2023 तक रहा। इसके बाद कमल कांत टंडन को शाखा प्रबंधक बनाया गया लेकिन चार नवंबर 2023 को बैंक के नियमित निरीक्षण में अनाधिकृत और संदिग्ध लेनदेन पकड़ में आया।
इसके बाद उच्चाधिकारियों के निर्देश पर तत्कालीन शाखा प्रबंधक मनोज कुमार सैनी के कार्यकाल में हुए लेनदेन की विभागीय जांच कराई गई जिसके बाद बैंक में हुए घोटाले की परतें खुलती चली गईं। विभागीय जांच में सामने आया कि तत्कालीन शाखा प्रबंधक मनोज कुमार सैनी के कार्यकाल में करीब 121 फर्जी कृषि ऋण खाते खोलकर 3.45 करोड़ रुपये का गबन किया गया। इन खातों से संबंधित कोई ऋण दस्तावेज बैंक शाखा में उपलब्ध नहीं हैं।
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धनराशि आहरित और अंतरित का कोई वाउचर भी बैंक शाखा में नहीं मिला है। जांच में सामने आया कि यह पूरा गबन मनोज कुमार सैनी की यूजर आईडी से किया गया था। जांच में दोषी मिलने के बाद विभाग ने तत्कालीन शाखा प्रबंधक मनोज सैनी को निलंबित कर दिया था। साथ ही बैंक शाखा में हुए घोटाले में कार्रवाई के लिए वर्तमान शाखा प्रबंधक कमल कांत टंडन ने तत्कालीन एसपी के कार्यालय में पत्र देकर कार्रवाई की मांग की थी। क्योंकि मामला करोड़ों के घोटाले का था इसलिए पुलिस ने अपनी जांच रिपोर्ट शासन को भेजी थी। बाद में शासन के निर्देश पर ही रजबपुर थाने में एफआईआर दर्ज कर रिपोर्ट शासन को भेज दी थी लेकिन शासन ने कुछ बिंदुओं के साथ रिपोर्ट दोबारा मांगी है।

ढाई लाख से तीन लाख रुपये निकाले गए खातों से
घोटाले की जांच की गई तो पता चला कि किसी खाते में ढाई तो किसी से तीन लाख रुपये निकले गए थे। कुछ खाते ऐसे भी हैं जिनमें धनराशि जमा की गई है लेकिन बकाया भी है। इतना ही नहीं मुरादाबाद जनपद के डिलारी मिलक अमावती के रहने वाले खान बहादुर को तीन लाख रुपये का ऋण देना दर्शाया गया है जबकि 11 जून 2024 को इस खाते को बंद किया गया है।

फर्जी खातों में दर्शाए गए अधिकांश लोग मुरादाबाद के
प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक की बलदाना हीरा सिंह शाखा में 121 फर्जी कृषि ऋण खातों में दर्शाए गए अधिकांश लोग मुरादाबाद के हैं। पुलिस को सभी 121 फर्जी कृषि ऋण खाता की डिटेल और विभागीय जांच रिपोर्ट 15 नवंबर 2024 को सौंपी थी।

प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक की शाखा बलदाना हीरा सिंह में घोटाले की एफआईआर दर्ज है। मामला 3.45 करोड़ रुपये का है, इसलिए इसकी जांच पुलिस नहीं कर सकती है। इसकी रिपोर्ट बनाकर शासन को भेजी गई थी। अब शासन ने कुछ जानकारियों के साथ दोबारा रिपोर्ट मांगी है। जिसके भेजा जा रहा है। मामले की विवेचना ईओडब्ल्यू स्तर से होगी। -अभिषेक यादव, सीओ सिटी अमरोहा
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