अमरोहा। शहर के चर्चित प्रॉपर्टी डीलर राहिल उस्मानी आत्महत्या प्रकरण के नामजद अभियुक्त की अभी तक गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। परिजनों ने पुलिस पर अभियुक्तों को बचाने का आरोप लगाया है। आरोप है कि अभियुक्तों को पुलिस की ओर से कोर्ट से स्टे लेने तक का मौका दिया गया। अब भी पुलिस ठोस कार्रवाई करने को तैयार नहीं है।
अभियुक्तों से हमसाज विवेचक नाम निकालने के साथ चार्जशीट को कमजोर करने की कोशिश कर रहे हैं। पीड़ित परिवार एसपी से लेकर डीजीपी तक न्याय दिलाने की गुहार लगा चुका है। बावजूद इसके कोई सुनवाई नहीं हुई है। परिजनों के मुताबिक बेटे की मौत के बाद उनके पिता रिटायर्ड सीओ ताहिर उस्मानी का स्वास्थ्य बिगड़ता जा रहा है। पीड़ित परिवार ने एक बार फिर डीआईजी को पत्र भेजकर विवेचना को ट्रांसफर करने के साथ इंसाफ की गुहार लगाई है।
बीती 11 सितंबर को अमरोहा के मोहल्ला घेर पछय्या निवासी पीएसी से रिटायर्ड सीओ ताहिर उस्मानी के प्राॅपर्टी डीलर बेटे राहिल उस्मानी ने घर में ही फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली थी। आत्मघाती कदम उठाने से पहले राहिल ने करीब 15 मिनट के दो वीडियो भी बनाए थे। इनमें उसने अपनी मौत का जिम्मेदार कारोबारी मोहम्मद ताहिर, आसिफ नमकीन, प्रॉपर्टी डीलर सतवंत व उसके बिचौलिया बब्बू चिकन को ठहराया था। ताहिर पर दस बीघा जमीन का सौदा करने के बाद करीब डेढ़ करोड़ रुपये हड़पने का आरोप था जबकि आसिफ नमकीन पर दो लाख देकर 80 लाख रुपये का ब्याज वसूलने का।
सतवंत व बब्बू भी जमीन की खरीद-फरोख्त से जुड़े पैसों को राहिल को लगातार प्रताड़ित कर रहे थे। पुलिस ने मामले में चारों आरोपियों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया था। प्रकरण के तीन महीने गुजरने के बाद भी शहर कोतवाली पुलिस अभी तक किसी भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर सकी है जिसे परिजनों में आक्रोश है। राहिल उस्मानी के भाई आमिर उस्मानी मुख्यमंत्री, डीजीपी, आईजी रेंज व डीआईजी मुरादाबाद को एक्स पर ट्वीट करते हुए आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग करते हुए परिवार को न्याय दिलाने की गुहार लगा चुके हैं। उन्होंने विवेचक पर अभियुक्तों से हमसाज होने का आरोप लगाया है। सीओ अभिषेक यादव ने बताया कि अभियुक्ताें ने न्यायालय से स्टे ले रखा है। मामले की विवेचना चल रही है।