अमरोहा। मतदेय स्थलों के संभाजन के संबंध में डीएम ने राजनैतिक दलों के साथ कलक्ट्रेट सभागार में बैठक की। उन्होंने कहा कि मतदेय स्थलों के संबंध में कोई भी सुझाव व आपत्ति हो तो वह उपलब्ध करा सकते हैं। उन्होंने स्पष्ट कहा कि आयोग के निर्देशानुसार संभाजन के दौरान ध्यान रखें कि मतदान केंद्रों की दूरी दो किलोमीटर से अधिक नहीं होनी चाहिए।
डीएम निधि गुप्ता वत्स ने कहा कि संभाजन के दौरान चुनाव आयोग के निर्देशों का शत-प्रतिशत अनुपालन होना चाहिए। एक पोलिंग स्टेशन लोकेशन पर मतदेय स्थलों के मध्य यथासंभव उचित संख्या में मतदाता हों और कोई भी परिवार न टूटे तथा परिवार के सभी सदस्य समान अनुभाग एवं समान स्थान पर रखें जाएं। विशेष परिस्थितियों में 300 से कम मतदाता वाले मतदेय स्थलों को रखा जाना अपरिहार्य हो, तो उस मतदेय स्थल को बनाए रखे जाने के संबंध का स्पष्ट कारण का उल्लेख भी करना होगा।
शहरी क्षेत्रों में जहां नई आवासीय कालोनियां बसी हैं, और वहां नागरिक निवास करने लगे हैं तो ऐसी जगहों पर आवश्यकता को देखते हुए नया पोलिंग स्टेशन बनाए जाने के निर्देश भी दिए। इसके साथ ही निजि भवनों व अस्थाई भवनों में चल रहे मतदान केंद्रों को सरकारी भवनों में स्थापित करने के निर्देश भी दिए।
उन्होंने संभाजन के दौरान सुनिश्चित न्यूनतम सुविधाएं का भी ध्यान रखने को कहा। इसके अलावा उन्होंने विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण (एसआईआर) के संबंध में सभी राजनैतिक दलों से अनुरोध करते हुये कहा कि उक्त कार्य में अपना पूर्ण सहयोग प्रदान करने के लिए विधानसभा क्षेत्रवार अपनी पार्टी के बूथ लेवल एजेंट (बीएलए) की नियुक्ति करते हुए उसकी सूची संबधित निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी के कार्यालय में तथा एक प्रति जिला निर्वाचन कार्यालय में उपलब्ध कराने को कहा। इस दौरान एडीएम वित्त व राजस्व गरिमा सिंह, भाजपा से चंद्रभान सिंह भाटी, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस से फैज आलम राईनी, बसपा से डॉ. जफर महमूद, सपा से ऋषिपाल सिंह समेत सभी एसडीएम भी मौजूद रहे।