कुआखेड़ा (अमरोहा)। राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष वीएम सिंह ने कहा है कि हमारा देश अंग्रेजों की गुलामी से सन 1947 में आजाद हो गया था, लेकिन देश का किसान अभी भी गुलामी की जंजीर में जकड़ा हुआ है।
उन्होंने कहा है कि अब समय आ गया है कि देश के किसान व मजदूरों को मिलकर 2027 में होने वाले प्रदेश के विधानसभा चुनावों में अपनी सरकार बनानी होगी। वह ग्राम कौराला में संगठन के मंडलीय सम्मेलन में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे।उन्होंने कहा कि सभी राजनैतिक दल किसानों का वोट ले लेते हैं। लेकिन सरकार बनने पर किसानों को भूल जाते हैं।
किसान कांग्रेस, भाजपा, सपा व बसपा की सरकारें देख चुका है। हर सरकार में किसान और अधिक कर्जदार होते चले गए। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि राजनैतिक दल किसान व मजदूरों को जाति-धर्म में बांटकर अपना हित साधते हैं। उनका कहना था कि आज किसान का बेटा खेती नहीं करना चाहता है। क्योंकि खेती आज घाटे का सौदा बन चुकी है। उन्होंने किसानों के हित में राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन द्वारा लड़ी गई लड़ाई का विस्तार से जिक्र किया।
उन्होंने कहा कि किसानों की सरकार बनने पर गन्ने का रेट 500 रुपये होगा और एमएसपी पर कानूनी गारंटी मिलेगी। सम्मेलन में आगामी 31 अगस्त को जनपद में किसान मजदूर रैली का आयोजन किए जाने की जानकारी दी गई। इस मौके पर उपेंद्र सिंह, कैलाश लांबा, वीरपाल सिंह, जगजीत सिंह, जोरावर सिंह, कुलदीप चौधरी, विनोद कुमार, संजोर अली, जोगेंद्र आर्य, डालचंद, राजवीर सिंह, दिगराज सिंह, चमन सिंह आदि मौजूद थे। अध्यक्षता जयपाल सिंह व संचालन राजवीर सिंह ने किया।