नया गांव के पास खेत में आठ माह के तेंदुए का शव पड़ा मिला। सूचना पर वन विभाग की टीम पहुंची और शव को डीएफओ कार्यालय लाया गया, जहां तीन पशु चिकित्सकों के पैनल ने पोस्टमार्टम किया। तेंदुए के शरीर पर पंजों के घाव मिले। वन विभाग के अधिकारियों ने दूसरे तेंदुए से लड़ाई में मौत होने की आशंका जताई है। वन अधिकारी व पशु चिकित्सकों की टीम ने तेंदुए के शव का अंतिम संस्कार कर दिया।
जिले में आए दिन कहीं न कहीं तेंदुआ देखे जाने की बात सामने आती हैं। बुधवार सुबह नौगांवा सादात क्षेत्र के नया गांव निवासी करन सिंह के खेत में तेंदुए का शव पड़ा मिला। पास से गुजर रहे लोगों ने तेंदुए का शव देखा तो ग्रामीणों को जानकारी दी। कुछ ही देर में ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। वहीं, सूचना पर वन दरोगा केपी सिंह कर्मचारियों के साथ मौके पर पहुंचे। तेंदुए के शरीर पर चोट और पंजों के घाव थे। जिससे लग रहा था कि उस पर किसी जानवर ने हमला किया है।
जांच के बाद वन विभाग की टीम तेंदुए के शव को जटी वन स्थित डीएफओ कार्यालय लेकर आई। तीन पशु चिकित्सकों डॉ. रामवीर सिंह, डॉ. कुलदीप सिंह, डॉ. प्रभुदयाल शर्मा के पैनल ने तेंदुए के शव का पोस्टमार्टम किया।
डीएफओ एसपी सिंह ने बताया कि मृतक तेंदुआ नर था और उसकी उम्र करीब आठ माह थी। शिकारियों के हमले से इन्कार करते हुए कहा कि दूसरे तेंदुए के हमले में इसकी जान गई है या फिर जंगली कुत्तों व सियार के झुंड ने हमला किया हो।
शहीदी सभा में अभिभावक प्रतियोगिता के दौरान विजेता प्रतिभागी को सम्मानित करते गणमान्य। संवाद- फोटो : अंबाला दिल्ली नेशनल हाइवे स्थित निर्माणाधीन शहीदी स्माकर। संवाद