वंदन योजना के तहत मिले 1.50 करोड़ से नगर पालिका की ओर से कराया जा रहा रामलीला मैदान का सौंदर्यीकरण का कार्य अटक गया है। रामलीला परिसर कमेटी ने सीएम को पत्र भेजकर नाराजगी जताई है। साथ ही जल्द ही कार्य शुरू कराने की मांग की है।
उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग जिले के अफसरों को गुमराह कर रामलीला मैदान की भूमि को बेचने की साजिश कर रहे हैं। इसी वजह से पिछले तीन माह से सौंदर्यीकरण का कार्य शुरू नहीं होने दिया जा रहा। इसकी गंभीरता से जांच होनी चाहिए।
श्री शिव महामंडल रामलीला परिसर कमेटी के अध्यक्ष राकेश कुमार अग्रवाल ने बताया कि हसनपुर में शिवाला पर सदियाें पुराने रामलीला मैदान पर करीब 250 वर्षों से रामलीला का आयोजन होता आ रहा है। यह रामलीला अमरोहा जिले की सबसे बड़ी रामलीला है। जिसमें समय-समय पर नगर पालिका द्वारा सौंदर्यीकरण के कार्य कराए जाते रहे हैं।
वर्तमान में नगर पालिका द्वारा वंदन योजना के तहत सौंदर्यीकरण के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा था। जिसमें शासन के द्वारा करीब 1.5 करोड़ की धनराशि जारी हुई है, लेकिन तीन माह से भी अधिक का समय बीत चुका है, कार्य शुरू नहीं हो पाया है। आरोप है कि कुछ लोग रामलीला मैदान पर अवैध रूप ये कब्जा करना चाहते हैं, उस पर दुकानें बनाकर मोटी कीमत पर बेचना चाहते हैं, उन लोगों ने अधिकारियों को भी गुमराह कर दिया है। जिसकी वजह से सौंदर्यीकरण का काम अटका पड़ा है।
बयान: यह प्रकरण मेरे संज्ञान में नहीं है। यदि ऐसा है तो इसकी जांच कराई जाएगी। जो भी सही होगा। वही कार्य कराया जाएगा।पुष्कर नाथ चौधरी, एसडीएम हसनपुर।