अमरोहा। चीनी मिलों ने होली से पहले जिले के किसानों का 62.57 करोड़ रुपये का भुगतान कर दिया है। गन्ना भुगतान समय से नहीं करने की खबर को अमर उजाला ने सात मार्च के अंक में प्रमुखता के साथ प्रकाशित किया था। इसके बाद डीएम और डीसीओ ने संज्ञान लेकर चीनी मिल अधिकारियों को शीघ्र भुगतान के निर्देश दिए थे।
जिले में बड़ी संख्या में किसान गन्ने की खेती करते हैं। जिले में गन्ने का औसत रकबा करीब 100940 हेक्टेयर है। जिस पर लगभग 1.70 लाख किसान गन्ने की पैदावार लेते हैं। जिले की तीन शुगर मिलों समेत गैरजनपद की सात मिले यहां से गन्ने की खरीद करती हैं, लेकिन कुछ मिलों द्वारा समय पर किसानों को उनका भुगतान न करने पर परेशानी का सामना भी उठाना पड़ता है। अमर उजाला ने भी किसानों की इस समस्या को प्रमुखता के साथ उठाया था। सात मार्च के अंक में मिलों पर किसानों का 112 करोड़ बकाया शीर्षक के साथ खबर प्रकाशित की गई थी। भुगतान में देरी के चलते ही वेव शुगर मिल को गन्ना विभाग की और से नोटिस भी जारी किया जा चुका है।
डीएम भी शुगर मिलों को समय से बकाया भुगतान करने के निर्देश देती रही हैं। वहीं, अब होली से पहले मिलों ने किसानों को उनके गन्ने का बकाया भुगतान किया है। डीसीओ के अनुसार वेव शुगर द्वारा पांच दिन का 18.03 करोड़ रुपये का गन्ना मूल्य भुगतान करते हुए शेष भुगतान भी शीघ्र किए जाने का आश्वासन दिया गया है। इसके अलावा सहकारी चीनी मिल गजरौला-हसनपुर द्वारा 13 दिन का बकाया 10.42 करोड़ रुपये गन्ना मूल्य भुगतान किया गया है। साथ ही चीनी मिल चंदनपुर के द्वारा सात दिनों का 14.05 करोड़ रुपये का गन्ना मूल्य भुगतान किया गया है।
असमोली ने 6.31 करोड़ रुपये, स्योहारा ने 4.21 करोड़, अगवानपुर द्वारा 2.69 करोड़ रुपये, मिलक नारायणपुर ने 3.04 तथा बिंदल शुगर मिल ने 3.81 करोड़ रुपये का भुगतान किसानों को भेज दिया है। डीसीओ मनोज कुमार ने बताया कि अमरोहा के किसानों ने अभी तक 398.92 लाख क्विंटल गन्ना शुगर मिलों को बेचा है। जिसके तहत 1316.45 करोड़ रुपये के सापेक्ष 1203.72 करोड़ रुपये का 91.44 प्रतिशत भुगतान किसानों को कराया जा चुका है। साथ ही मिलों द्वारा जल्द ही शेष बकाया भुगतान के लिए भी निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने मिलों द्वारा भुगतान में लापरवाही पर फिर से नोटिस जारी करने की चेतावनी भी दी।