अमरोहा। लखनऊ से 10 हजार राशन कार्ड निरस्त होने पर उपभोक्ताओं को राशन मिलना बंद हो गया है। जिन उपभोक्ताओं के राशन कार्ड निरस्त किए गए हैं, वह पूर्ति विभाग के कार्यालयों के चक्कर लगाकर समस्या बता रहे हैं।
पूर्ति विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जिनके पास में ट्रैक्टर, कार या सालाना दो लाख रुपये से अधिक का लेनदेन मिला है। उन लोगों के कार्ड निरस्त कर दिए गए हैं।
शासन ने पहले उन लोगों के राशन कार्डधारकों की छंटनी कर दी थी, जिनके पास चार पहिया वाहन थे या एटीआर जमा करते हैं। अब लखनऊ से 10 हजार राशन कार्ड काटे जा चुके हैं। कुछ लोगों के 2026 में भी राशन कार्ड निरस्त किए गए हैं। लोगों को अपने राशन कार्ड निरस्त होने की जानकारी तब मिली जब वह राशन लेने के लिए दुकान पर पहुंचे और अपना अंगूठा मशीन में लगाया लेकिन मशीन ने अंगूठा नहीं लिया। तब जाकर जानकारी हुई कि राशन कार्ड निरस्त हो चुका है। अब उन्हें खाद्यान्न नहीं मिल पा रहा है, जिससे परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
राशन नहीं मिलने पर प्रभावित लोग अब अपनी समस्या लेकर तहसीलों के चक्कर काट रहे हैं। बताया जा रहा है कि जिन परिवारों के पास ट्रैक्टर, कार या सालाना दो लाख रुपये से अधिक का लेनदेन पाया गया, उनके राशन कार्ड लखनऊ स्तर से निरस्त कर दिए गए हैं। कई लोग खुद को पात्र बताते हुए जांच की मांग कर रहे हैं। अगर किसी यूनिट में छह लोग है तो उनके आयुष्मान कार्ड भी बनाए जा रहे हैं। इसके लिए वह लोग पूर्ति कार्यालयों के चक्कर काटने को मजबूर हैं। जिले में 313052 कार्ड धारक हैं और 1273206 लाभार्थी हैं। जो राशन प्राप्त करते हैं। जिला पूर्ति अधिकारी रीना कुमारी ने बताया कि लखनऊ से 10 हजार लोगों के राशन कार्ड निरस्त किए गए हैं। यह वह लोग हैं जो अपात्र की श्रेणी में आते हैं। अगर किसी पात्र व्यक्ति का राशन कार्ड कटा होगा तो उसकी जांच भी कराई जाएगी। संवाद