हसनपुर कोतवाली क्षेत्र के गांव में एक युवक ने विधवा के साथ दुष्कर्म किया। मामले में जब बात बढ़ने लगी तो गांव में पंचायत बैठी। पंचों ने आरोपी से विधवा को 40 हजार रुपये दंड के तौर पर दिलवा कर मामला रफादफा करा दिया।
सबसे बड़ी बात यह है कि घटना की भनक लगने पर गांव में पहुंचे हल्का दरोगा भी पंचायत के इस तुगलकी फरमान को स्वीकार कर बिना कार्रवाई लौट गए। हसनपुर कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में विधवा अपने बच्चे व अन्य परिजनों के साथ रहती है।
बताया जा रहा है कि एक युवक शाम चार बजे मौका पाकर विधवा के घर में घुस गया। इसके बाद आरोपी युवक ने उसके साथ दुष्कर्म किया। महिला ने शोर मचाने की कोशिश की तो आरोपी उसे जान से मारने की धमकी देकर चुप करा दिया। जब आरोपी भागने लगा तो विधवा ने शोर मचा दिया। पीड़िता की चीख सुनकर मोहल्ले में भीड़ जमा हो गई। जब पुलिस से शिकायत की नौबत आने लगी तो ग्रामीणों ने बीच बचाव कर पीड़िता की समाज में बदनामी का हवाला देकर पंचायत बुलाई।
इस दौरान पंचों ने आरोपी से विधवा को 40 हजार रुपये हर्जाना देने की बात कही। इस बात पर आरोपी ने अपनी सहमति दे दी। इसके बाद पंचों ने आरोपी को छोड़ दिया। मामले की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। लेकिन पंचों ने फैसला करने की बात कहकर दरोगा को लौटा दिया।
इंस्पेक्टर डीके शर्मा ने बताया कि मामला मेरे संज्ञान में नहीं हैं। पीड़िता लिखित में शिकायत करती है तो आरोपी युवक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। साथ ही पंचायत कर आरोपियों को बचाने वाले पंचों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। फिर भी अगर कोई शिकायत आती है तो कार्रवाई की जाएगी।