अमरोहा। दिल्ली हाईवे पर श्री वेंक्टेश्वरा यूनिवर्सिटी के चार डॉक्टरों की मौत के बाद पुलिस हरकत में आ गई। हादसे के 12 घंटे के भीतर यातायात पुलिस ने हाईवे पर अवैध पार्किंग बनाकर खड़े 14 ट्रक, डीसीएम व कंटेनर के चालान काट दिए। इसके अलावा नियम तोड़ने वाले 130 वाहनों पर भी कार्रवाई की गई है।
हाईवे पर अवैध पार्किंग बनाकर खड़े होने वाले वाहन लोगों की जान लील रहे हैं। सब कुछ जानते हुए भी जिम्मेदार अंजान बने हैं। बुधवार रात रजबपुर थानाक्षेत्र में हाईवे पर हादसे में श्री वेंक्टेश्वरा यूनिवर्सिटी के चार डॉक्टरों की जान चली गई, यह हादसा भी जिम्मेदारों के लापरवाही का नतीजा है। यातायात माह में भी इस तरह के वाहनों पर कार्रवाई करने के लिए कोई अभियान नहीं चलाया गया। बृहस्पतिवार देर शाम संवाद न्यूज एजेंसी की टीम ने हाईवे पर स्थिति का जायजा लिया था।
इस दौरान पाकबड़ा से ब्रजघाट तक करीब 62 किलोमीटर लंबे नेशनल हाईवे पर डिडौली, नारंगपुर, चौधरपुर के पास, टोल प्लाजा के आसपास, गजरौला मोगा होटल के सामने, गजरौला में चौपला ओवरब्रित से आगे समेत 30 से ज्यादा स्थानों पर ट्रक, डीसीएम, कंटेनर जैसे बड़े वाहन अवैध पार्किंग बनाकर सड़क किनारे खड़े मिले थे। मामले को गंभीरता से लेकर शुक्रवार को एसपी अमित कुमार आनंद ने बताया कि यातायात पुलिस टीम ने हाईवे पर दौरा करते हुए देखा कि नौ पार्किंग जोन में खड़े वाहन दुर्घटनाओं की संभावनाओं को बढ़ा रहे थे।
इस कारण सभी ऐसे वाहनों पर त्वरित कार्रवाई करते हुए न केवल चालान किए गए, बल्कि मौके पर उपस्थित वाहन चालकों को नियमों का पालन करने की हिदायत भी दी गई। टीम द्वारा हाईवे पर खड़े भारी वाहनों के पीछे रिफ्लेक्टिव टेप भी लगाया गया। ताकि रात्रि में किसी प्रकार की दुर्घटना की संभावना कम हो सके और वाहन दूर से ही दिखाई दें। अभियान का उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाना है। टीम ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे निर्धारित पार्किंग स्थलों का ही प्रयोग करें और हाईवे पर अनावश्यक रूप से वाहन खड़ा नहीं करें। यातायात नियमों का पालन नहीं करने वाले 130 वाहनों पर एमवी एक्ट के तहत कार्रवाई की गई। इसके अवैध पार्किंग बनाकर सड़क किनारे खड़े 14 ट्रक, डीसीएम और कंटेनरों पर कार्रवाई की गई है। यह अभियान लगातार जारी रहेगा।