परिजनों के साथ लेफ्टिनेंट रचित सिंह बेनीवाल। स्रोत परिजन
अमरोहा। रजबपुर क्षेत्र के गांव फरीदपुर निवासी कपिल सिंह के बेटे निर्भय सिंह और अमरोेहा तहसील क्षेत्र के गांव हाशमपुर निवासी रचित सिंह बेनीवाल भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट बने हैं। इनकी पासिंग परेड देहरादून भारतीय सैन्य अकादमी में हु़ई। इसमें उनके माता-पिता मौजूद रहे। परिजनों में खुशी की लहर है।
क्षेत्र के गांव फरीदपुर के कपिल सिंह खेती किसानी करते हैं। उनके छोटे भाई कुलदीप सिंह सेना में भर्ती थे, जोकि अब रिटायर हो चुके हैं। माता गृहिणी हैं। कपिल सिंह के बेटे निर्भय सिंह ने हाईस्कूल व इंटर की परीक्षा विश्व बंधु एकेडमी गजरौला से उत्तीर्ण की जबकि स्नातक की परीक्षा एमजेपी रूहेलखंड विश्वविद्यालय कैंपस बरेली से उत्तीर्ण की। वर्ष 2024 में निर्भय सिंह ने यूपीएससीसीडीएस की परीक्षा दी। इसमें उन्होंने सफलता हासिल की और उनका चयन लेफ्टिनेंट के रूप में हुआ है। 13 दिसंबर को उनकी पासिंग आउड परेड हुई। इसमें बेटे को जैसे ही स्टार लगाए गए तो उनका सीना गर्व से चौड़ा हो गया। निर्भय सिंह ने मोबाइल से बातचीत में बताया कि उनके प्रेरणाश्रोत उनके माता पिता हैं और सेना में जाने का लक्ष्य रोहित बत्रा व अपने चाचा कुलदीप सिंह को देखकर लिया है।
वहीं रचित सिंह बेनीवाल भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट बने हैं। अमरोहा सदर तहसील क्षेत्र के गांव हाशमपुर में चमन सिंह का परिवार रहता है। उनके बेटे रचित सिंह बेनीवाल ने 2022 में राष्ट्रीय रक्षा एकेडमी की परीक्षा उत्तीर्ण की थी। उन्होंने आईएमए देहरादून में कड़े अनुशासन और कठिन परिश्रम के साथ प्रशिक्षण प्राप्त किया। उन्होंने बुलंदशहर के विद्याज्ञान से इंटर किया। सोमवार को रचित सिंह घर पहुंचे तो परिजनों, रिश्तेदारों व ग्रामीणों ने स्वगात किया। रचित ने कहा कि माता पिता का सहयोग और मार्गदर्शन ही कामयाबी की नींव है।
परिजनों के साथ लेफ्टिनेंट रचित सिंह बेनीवाल। स्रोत परिजन