अमरोहा। राष्ट्रगीत वंदे मातरम को 150 साल पूरे होने पर कलक्ट्रेट में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। वक्ताओं ने वंदे मातरम के इतिहास पर चर्चा की। कार्यक्रम की शुरुआत डीएम ने दीप जलाकर की। उन्होंने कहा कि वंदे मातरम एकजुटता का प्रतीक है। इसके अलावा स्कूलों में भी कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।
डीएम निधि गुप्ता वत्स ने कहा कि यह गीत एकजुटता का प्रतीक है। आजादी की लड़ाई के दौरान क्रांतिकारियों में यह गीत उत्साह का संचार कर देता था। इस गीत की प्रासंगिकता आज भी उतनी ही है। स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान विभिन्न समुदायों, संस्कृतियों और देशवासियों को एकजुट करने एवं देशभक्ति की नई चेतना जगाने में इस गीत ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। बंकिम चंद्र चटर्जी ने जिस भारत की कल्पना करते हुए इस गीत को लिखा था, आज हम उसे साकार होते देख रहे हैं।
कार्यक्रम के दौरान सभी ने वंदेमातरम गीत भी गाया। कार्यक्रम में डिप्टी कलक्टर मसीहा नजम व चंद्रकांता व प्रशासनिक अधिकारी उपेंद्र नाथ त्रिवेदी ने भी संबोधित किया। सीवीओ डॉ. आभा दत्त, परियोजना निदेशक अंबरीश कुमार, जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी शिखा शर्मा, जिला कृषि अधिकारी मनोज कुमार, जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी अलका चौधरी आदि रहे। संचालन सहायक भूलेख अधिकारी अनुज सिंघल ने किया।