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Amroha News: अंबाला से खरीदी लाखों रुपये की नशीली दवा, जांच में बंद मिला मेडिकल स्टोर

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अमरोहा। जिले में नशीली दवाओं के कारोबार की जड़ें गहराती दिख रही हैं। पहले भी जहां नशीली दवाओं के कारोबार के शक में दो मेडिकल स्टोर कार्रवाई की जद में हैं, वहीं हसनपुर के बिजोरा स्थित एक मेडिकल स्टोर ने अंबाला से लाखों रुपये की नशीली दवाओं के खरीदने का मामला सामने आया है। बुधवार को औषधि निरीक्षक की जांच में मेडिकल स्टोर बंद मिला। जिसके बाद उन्होंने दुकान के बाहर नोटिस चस्पा कर दिया।
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नशीली दवाओं के कारोबार के शक में जिले में पहले भी छापामारी होती रही है। जिसमें दिल्ली की टीम भी जिले में कार्रवाई कर चुकी है। वहीं अब हिमाचल प्रदेश के जिला ऊना में औषधि विभाग व एएनटीएफ की संयुक्त टीम ने छापामार कार्रवाई के दौरान बीते आठ अगस्त को वहां रैपिड रिलीफ मेडिकोज पर छापा मार कर कोविटाडॉल 100 एसआर (ट्रामाडॉल एचसीएल) टैबलेट बरामद की थी। दवा का कोई बिल न होने के कारण टैबलेट की मार्केटिंग कंपनी पीबी लाइफ साइसेंज से इस दवा की बिक्री के बिल लिए तो इसमें अमरोहा में जोया स्थित मोहल्ला चौधरियान के केयर मेडिकोज व एएस फार्मा के नाम भी सामने आए।
कंपनी ने इन दोनों मेडिकल स्टोर को करीब एक हजार टेबलेट की बिक्री थी। ऊना के औषधि निरीक्षक ने अमरोहा की औषधि निरीक्षक रुचि बंसल को इसकी सूचना दी। जिस पर औषधि निरीक्षक ने दोनों मेडिकल स्टोर संचालकों को नोटिस जारी किया था। अब ऐसा ही एक और मामला सामने आया है। औषधि निरीक्षक रुचि बंसल के मुताबिक बीते 22 नवंबर को अंबाला में नारकोटिक्स सेल टीम ने वहां मैसर्स ट्राइडेंट ड्रग्स पर छापा मारा था। कार्रवाई के दौरान वहां से जिले के हसनपुर क्षेत्र के बिजोरा स्थित दयावली खालसा के यश फार्मा को बिलिंग करना पाया गया।
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अलग-अलग बैच के स्पासमेड ब्राउन व स्पासमेड ब्लू कैप्सूल 11 नवंबर को बिलिंग होना पाया गया। करीब चार लाख रुपये की कीमत के कैप्सूल यश फार्मा को बिलिंग हुए थे। वहां के औषधि निरीक्षक ने इसकी सूचना स्थानीय डीआई रुचि बंसल को दी। जिसके बाद वह बुधवार को यश फार्मा पर पहुंचीं। लेकिन मेडिकल स्टोर बंद पाया गया। माेबाइल फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन नंबर स्विच ऑफ मिला। जिसके बाद उन्होंने दुकान के बाहर ही नोटिस को चस्पा कर दिया।


पड़ोसियों ने बताया, करीब चार से बंद है मेडिकल स्टोर
डीआई रुचि बंसल ने बताया कि उन्होंने मेडिकल स्टोर के संबंध में भवन स्वामी व आसपास के लोगों से जानकारी की। उन्होंने बताया कि मेडिकल स्टोर करीब चार माह से बंद है। ऐसे में बिलिंग की गई दवाओं को कहां खपाया गया है, यह भी जांच का विषय है।


पता दूसरे प्रदेशों का, मेडिकल का पंजीकरण अमरोहा में
बिजोरा में जिस यश फार्मा मेडिकल स्टोर पर नोटिस चस्पा किया गया है, वह अवनीश कुमार पुत्र तिर्हराम शाक्य निवासी जीबी-8 ए, पाल पहलादपुर डाक बदरपुर दिल्ली के नाम पंजीकृत है। इसके अलावा जोया में जिन मेडिकल स्टोरों पर नोटिस चस्पा करने की कार्रवाई हुई थी। वह भी गैर प्रदेश के रहने वाले हैं। केयर मेडिकोज को संचालित करने वाले गगनदीप पीरागढ़ी कैंप, शकूरबस्ती उत्तर पश्चिम दिल्ली का निवासी है। एएस फार्मा के संचालक आदित्य कुमार गिरी महाराष्ट्र के रायगढ़ जनपद के पनवेल के रहने वाले दर्शाए गए हैं। बताया जाता है कि पिछले दिनों दिल्ली की टीम ने भी छापा मारा था। औषधि निरीक्षक ने बताया कि भवन स्वामी के अनुसार पिछले कई माह से उक्त दोनों मेडिकल बंद ही हैं। इन दोनों मेडिकल स्टोर के जीएसटी का पंजीकरण पहले ही निरस्त किया जा चुका है, जबकि मेडिकल स्टोर का पंजीकरण निरस्त करने कार्रवाई चल रही है।
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