अमरोहा। छह साल पहले किराये के मकान में बदायूं की युवती की गला रेतकर हत्या करने के दोषी को न्यायालय ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। साथ ही दो हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। फिलहाल दोषी जमानत पर बाहर था, न्यायालय का फैसला आने के बाद उसे हिरासत में लेकर जेल भेज दिया गया है।
यह घटना अमरोहा नगर के मोहल्ला शास्त्री नगर में हुई थी। संभल के चंदौसी थानाक्षेत्र के गांव सिंभौली निवासी मोहनलाल उर्फ राम प्रसाद उर्फ ओमप्रकाश अमरोहा के मोहल्ला शास्त्री नगर में रहने वाले छत्रपाल सिंह के मकान में किराये पर रहने आया था। ओमप्रकाश बदायूं जनपद के रफातपुरा गांव की रहने वाली सीमा का अपहरण करके लाया था। लोगों को गुमराह करने के लिए ओमप्रकाश सीमा को अपनी बेटी बताता था।
उसने सीमा की शादी मोहल्ला डाकबंगला निवासी चंद्रसैन के साथ तय कर दी थी। सीमा और चंद्रसैन की गोद भराई की रस्मअदायगी गजरौला में हुई थी। इस बीच सीमा किसी दूसरे युवक से शादी करने की बात कहने लगी। बस इसी बात से नाराज ओमप्रकाश ने किराये के घर में ही सीमा की गला रेतकर हत्या कर दी थी।
वारदात को अंजाम देकर ओमप्रकाश मौके से भाग गया था। इस मामले में पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपी ओम प्रकाश को गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस पूछताछ में सामने आया कि ओमप्रकाश युवतियों को झांसे में लेकर शादी कराने की बात कह कर उन्हें बेच देता था। बाद में पुलिस ने ओमप्रकाश को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया था।
फिलहाल मोहनलाल उर्फ राम प्रसाद उर्फ ओम प्रकाश जमानत पर बाहर था। इस मुकदमे की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश विशेष एससी एसटी एक्ट संजय चौधरी की अदालत में चल रही थी।
अभियोजन पक्ष की ओर से एडीजीसी मनोज सक्सेना पैरवी कर रहे थे। मंगलवार को न्यायालय ने मुकदमे में आखिरी सुनवाई की और साक्ष्यों व सबूतों के आधार पर आरोपी ओमप्रकाश को दोषी करार दिया। साथ ही उसे उम्रकैद की सजा सुनाई और दो हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।